करोड़ों रुपये होने की आशंका के चलते रेलवे अंडर पास के नीचे खड़ी लावारिस कार को लोगों ने घेर लिया और मामले की सूचना पुलिस को दी। कार में करोड़ों रुपये होने की अफवाह पूरे शहर में फैल गई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर कार को अपने कब्जे में ले लिया और पुलिस स्टेशन में ले गई। लेकिन जांच के दौरान पुलिस को कार में पड़े पर्स से केवल पांच हजार रुपये व दो प्लास्टिक की केन तथा एक काले रंग का बैग मिला है। पुलिस ने कार चालक के खिलाफ यातायात के नियमों की पालना न करने का मामला दर्ज कर जांच आरंभ कर दी है।
हुआ यूं कि शनिवार को सुबह लगभग सात बजे लोगों ने रेलवे अंडरपास के नीचे एक काले रंग की कार खड़ी देखी। कार में काले रंग का बैग, प्लास्टिक की दो कैन सहित सीट पर नोटों से भरा पर्स पड़ा दिखाई दिया। लोगों ने मामले की सूचना पुलिस को दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और कार को अपने कब्जे में लेकर पुलिस स्टेशन में ले गई। थाना प्रभारी की देखरेख में कार की जांच की गई। कार में पुलिस ने कागजों से भरा एक काले रंग का बैग, पर्स में पुराने पांच हजार रुपये सहित दो काले रंग की कैन बरामद की है।
घंटों बाद कार चालक का हुआ खुलासा
पुलिस ने बैग में रखे कागजातों की गहनता से जांच की तो कार मालिक के नाम का खुलासा हो गया। पुलिस के अनुसार कार मालिक गांव फुरलक निवासी प्रमोद कुमार पुत्र रतन सिंह पाया गया। पुलिस ने उससे पूरे मामले की जांच की। प्रमोद कुमार ने पुलिस को बताया कि वह रिफाइनरी में ठेकेदार के पास कार्य करता है और रात को अचानक उसकी कार खराब हो गई।
पुलिस के अनुसार कार चालक कार को अंडरपास के नीचे छोड़कर अपने गांव पहुंच गया। जांच अधिकारी जयनारायण ने बताया कि शनिवार को सुबह सात बजे रेलवे अंडरपास से एक काले रंग की कार बरामद की थी। जिसका चालक कार को छोड़कर फरार हो गया था। बाद में मामले की जांच की तो कार चालक गांव फुरलक निवासी प्रमोद कुमार पाया गया। कार से एक काले रंग का एक बैग व पर्स से पुराने पांच हजार रुपये बरामद किए गए है।