कार फ्री डे के नाम पर लोगों को जागरूक करने और चालान करने की बजाये पुलिस अब हाथापाई व मारपीट पर उतर आई है। करनाल पुलिस की कार्यप्रणाली का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि गलत दिशा से आ रहे एक युवक की कार से पुलिस कर्मचारी ने चाबी निकाल ली और उसका चालान करने की बजाए उसे सबक सिखाने पर उतर आई। युवक ने चाबी निकालने का विरोध किया और कानून की बात कही तो खाकी को यह नागवार गुजरा।
मामला इतना बिगड़ा कि एक युवक को पकड़ने के लिए ट्रैफिक, सिविल लाइन थाना प्रभारी समेत सीआईए स्टाफ के कर्मचारी भी मौके पर पहुंच गए। चंद दिनों पहले हुए आंदोलन में बिलकुल शांत रही करनाल पुलिस अचानक हरकत में आई तो आनन फानन में युवक के साथ मारपीट करते हुए उसे गाड़ी में उठा लिया। देर शाम युवक के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा डालने समेत अन्य धाराओं के तहत केस दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया गया। उधर, पुलिस की इस कार्यप्रणाली से शहरवासियों और प्रत्यक्षदर्शियों में काफी रोष है।
मंगलवार को कार फ्री डे के तहत पुलिस की टीमें विभिन्न जगह तैनात रही। बता दें कि अस्पताल रोड नो पार्किंग जोन घोषित किया गया है। अस्पताल चौक पर सेक्टर-13 निवासी रजत कार लेकर पहुंचा और गलत साइड होने के कारण पुलिस कर्मियों ने कार को रुकवाते ही उसकी चाबी निकाल ली। चाबी निकालने को लेकर युवक रजत और पुलिस कर्मियों में बहस हो गई। युवक ने पुलिस से कहा कि चाबी मत निकालो, चालान कर दो। बहस से मामला तू तड़ाक और कानून की जानकारी तक पहुंच गया। विवाद इतना बढ़ गया कि मौके पर काफी संख्या में लोग इकट्ठा हो गए। युवक रजत कहता रहा कि रांग साइड का चालान किया जाए। चाबी निकालकर धमकाना गलत है। इसी दौरान हंगामा होते देख पुलिस ने अन्य फोर्स बुला ली।
सिविल लाइन थाना के प्रभारी प्रदीक कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। मौके पर जाकर बातचीत की और युवक ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए और थाना प्रभारी से भी बहस की। इसके बाद अन्य पुलिस कर्मियों और युवक रजत के बीच हाथापाई हो गई। सरेआम युवक के साथ मारपीट करते हुए उसे गाड़ी में डालकर पुलिस कर्मियों ने जमकर हाथापाई की। भारी भीड़ ने इसका विरोध किया तो पुलिस कर्मचारी युवक को साथ लेकर चले गए। पुलिस ने भीड़ को हटाया और यातायात को सुचारू रूप से चलवाया। इस दौरान कुछ मौजिज व बुजुर्ग लोगों ने पुलिस को ऐसा करने से रोका तो पुलिस ने उन्हें भी चलता कर दिया। करीब आधे घंटे के घटनाक्रम के बाद यातायात सुचारू हो सका।
सीसीटीवी फुटेज खोल सकती हैं पुलिस की पोल
काफी संख्या में जमा लोगों ने इस पूरे घटनाक्रम की वीडियो भी बनाई, हालांकि पुलिस कर्मचारियों ने ऐसा कर रहे युवकों को भी मौके से खदेड़ दिया। अस्पताल गेट के सामने हुआ पूरा घटनाक्रम वहां पर लगे सीसीटीवी फुटेज में कैद हो गया है। ऐसे में ये फुटेज पुलिस कर्मचारियों की कार्यप्रणाली की पोल खोल सकती हैं। उधर, पीड़ित पक्ष का कहना है कि वे इस मामले में कानूनी सलाह ले रहे हैं और पुलिस के खिलाफ अदालत का दरवाजा खटखटाएंगे।
वर्जन
इस बारे में एसपी पंकज नैन ने दावा किया युवक रजत ने पहले पुलिस कर्मचारी को थप्पड़ मारा था, इसके बाद ही उसे पकड़ा गया है। युवक ने न केवल कार्य में बाधा डाली, बल्कि गलत व्यवहार भी किया। युवक को सरकारी कार्य में बाधा डालने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। लोगों को यातायात नियमों का पालन करना चाहिए, इससे न केवल अपनी जान सुरक्षित रहती है, बल्कि दूसरों को भी सहूलियत मिलती है। पुलिस आपकी मदद के लिए है, इसलिए नियमों का पालन करने में पुलिस की मदद करें।
वर्जन
सेक्टर-13 वासी रजत कार को गलत दिशा में चला रहा था। कार फ्री डे के चलते चालान किया गया तो वह पुलिस कर्मचारियों से उलझ गया। समझाने के बाद भी वह नहीं माना। आरोपी रजत के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा डालने सहित विभिन्न धाराओं के आरोप में गिरफ्तार कर लिया है। बुधवार को कोर्ट में पेश किया जाएगा। पुलिस कर्मचारियों ने कोई मारपीट नहीं की, हाथापाई रजत की तरफ से की गई है।
- प्रदीप कुमार, थाना प्रभारी सिविल लाइन।