संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। शादी से मना करने पर एआई से युवतियों के आपत्तिजनक फेक वीडियो बनाकर ब्लैकमेल किया जा रहा है। मार्च में ऐसे 8 मामलों में प्राथमिकी दर्ज की गई। जनवरी में ऐसे चार मामले आए थे।
साइबर सेल एसएचओ कन्नू प्रिया ने बताया कि महिलाओं और युवतियों के खिलाफ साइबर अपराध तेजी से बढ़ रहे हैं। खासतौर पर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का गलत इस्तेमाल कर फर्जी फोटो और वीडियो बनाकर ब्लैकमेलिंग के मामले सामने आ रहे हैं। साइबर अपराधी सोशल मीडिया से तस्वीरें उठाकर उन्हें एआई सॉफ्टवेयर में डालते हैं और फिर फर्जी वीडियो तैयार कर पीड़िता को ब्लैकमेल करते हैं। अक्सर अपराधी धमकी देते हैं कि यदि पैसे नहीं दिए गए तो वीडियो वायरल कर दिया जाएगा।
मित्र ने वीडियो भेज मांगे रुपये
एआई से आपत्तिजनक वीडियो में जोड़ा चेहरा
केस-1
28 वर्षीय युवती निजी कंपनी में कार्यरत है। युवती को अनजान नंबर से व्हाट्सएप पर उसका फेक वीडियो भेजा गया। आपत्तिजनक वीडियो में उसका चेहरा जोड़ा गया था। अपराधी ने मैसेज में लिखा अगर 50 हजार रुपये नहीं दिए तो यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया जाएगा। युवती ने परिवार को इस बारे में बताया। महिला थाना साइबर सेल में शिकायत की गई। जांच में सामने आया कि उसके मित्र ने ऐसा किया था। वह शादी का प्रस्ताव नहीं मानने पर नाराज था। आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया।
कॉलेज की छात्रा की इंस्टाग्राम पर एक युवक से दोस्ती हुई थी। कुछ दिनों तक सामान्य बातचीत के बाद युवक ने उसकी तस्वीरें मांगी। छात्रा ने सामान्य तस्वीरें शेयर कर दीं। युवक ने शादी का प्रस्ताव रखा। मना करने पर उसे एक एडिटेड फोटो भेजी। इसमें उसे आपत्तिजनक तरीके से दिखाया गया था। आरोपी ने 20 हजार रुपये की मांग की। धमकी दी कि फोटो उसके परिवार और कॉलेज में भेज दी जाएगी। छात्रा ने सहेली की मदद से साइबर सेल में शिकायत दर्ज कराई।
ध्यान रखें
अपनी सोशल मीडिया प्रोफाइल को प्राइवेट रखें
अनजान लोगों की फ्रेंड रिक्वेस्ट स्वीकार न करें
अपनी निजी फोटो और वीडियो किसी के साथ शेयर न करें
किसी भी संदिग्ध लिंक पर क्लिक न करें
ब्लैकमेल होने पर तुरंत पुलिस को सूचना दें
साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930,181 पर शिकायत दर्ज कराएं