देशभर में 21 दिन के लिए यानी 14 अप्रैल तक लॉकडाउन के बावजूद लोग घरों से बाहर निकलने से नहीं मान रहे हैं। पुलिस की सख्ती में कहीं निर्दोष लोगों को भी रोका जा रहा है। ऐसे में सरकार के आदेश पर प्रशासन ने अस्थाई ई-पास बनाने का फैसला लिया है। जो एक स्थान से दूसरे स्थान पर जाने के लिए मद्दगार साबित होगा। जिसे दिखाने के बाद शहर में उस काम के लिए जाने की अनुमति मिल सकेगी। पास बनाने का जिम्मा डीसी के पास रहेगा। जबकि लोगों तक पास की जानकारी मुहैया करवाने की जिम्मेदारी पुलिस विभाग को दी गई है। अब तक पुलिस ने 176 वाहनों को इम्पाउंड किया है। मजिस्ट्रेट के आदेशों की उल्लंघना करने वालों के खिलाफ 13 मामले दर्ज कर 22 लोगों को गिरफ्तार किया है। आगे यदि आपको अपने वाहन इम्पाउंड होने से बचाने हैं तो ई-पास के लिए आवेदन करें।
हरियाणा सरकार द्वारा जिला उपायुक्त के माध्यम से वेबसाईट से ई-पास जारी किये जायेंगे। ई-पास बनवाने के लिये सबसे पहले दी गई वेबसाइट के लिंक को ओपन करना होगा। फिर एक फारमेट खुलेगा। जिसमें मांगी गई सभी जरूरी सूचनाएं भरनी होंगाी। जरूरी कारण भरना होगा। इसके बाद डीसी विचार करेगा। आपका ई-पास जारी करके आपके पास एसएमएस द्वारा या ई-मेल के माध्यम से भेज दिया जायेगा।
पास बनवाने की हेल्प के लिए
अगर किसी को ई-पास एप्लाई करने संबंधी समस्या आती है या जानकारी लेनी है तो वह हेल्प लाइन नंबर 0184-2208222, 0184-2208223 पर संपर्क कर सकता है।
पास की स्थिति की जानकारी
अगर ई-पास जारी होने या कैंसिल होने संबंधित जानकारी चाहिए तो वह हेल्प लाइन नम्बर 0184-2272201, 9817701572 पर संपर्क कर सकता है।
पास बनवाने के लिए ये जानकारी देनी होगी
ई-पास बनवाने के लिए वैद्यता का समय,
कैटेगिरी यानी सरकारी कर्मचारी या आम नागरिक
उद्देश्य
कहां से कहां जाना है
पास बनवाने वाले का नाम
आयु
मोबाइल नंबर
आई-कार्ड यानी डीएल, आधार, पैन, पासपोर्ट, वोटर कार्ड आदि
घर का पता
पिन नंबर
गाड़ी की जानकारी यानी आरसी नंबर, नंबर, गाड़ी टाइप, रंग,
किसे पास जारी नहीं होंगे
अगर को कोई अपने परिचित से मिलने के लिए जा रहा है अथवा किसी को अन्य स्थान से अपने घर लाना चाहता है। ऐसे व्यक्तियों को पास जारी नहीं होगा।
लॉक डाउन में इन्हें छूट
दवाई और चिकित्सा उपकरण, खाद्य पदार्थ, किराना दुकानें, दूध, ब्रेड, फल, सब्जियों, विक्रेता, अस्पताल, फार्मेसी, पेट्रोल पंप, एलपीजी गैस, तेल एजेंसियां, बैंक, एटीएम, प्रिंट और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया, आईटी और दूरसंचार, डाक, इंटरनेट और डाटा सेवाएं को पास मुक्त रखा गया है। इन्हें पास लेने की जरूरत नहीं है। वे अपने विभाग का आईडी कार्ड दिखाकर आ-जा सकता है। इन्हें पुलिस नहीं रोकेगी। छोटे दुकानदार इसमें शामिल नहीं है।
ई-पास को लेकर सभी पुलिस कर्मचारियों को हिदायतें दी हैं कि यदि कोई भी व्यक्ति अपना ई-पास दिखाता है तो उसको रोका न जाये। साथ ही लोगों को ई-पास से संबंधित जानकारी दी जाए। - सुरेंद्र भौरिया, एसपी करनाल।
ई-पास को लेकर जिला प्रशासन ने काम शुरू कर दिया है। जिसकी समस्या जायज होगी उसको ई-पास की अनुमति दी जाएगी। यदि कोई गलत सूचना देता है तो उस पर कार्रवाई की जाएगी। -निशांत कुमार यादव, डीसी करनाल