सुरक्षित स्कूल वाहन पॉलिसी के तहत आरटीए टीम ने शहर के पांच स्कूलों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान कुल 51 स्कूल बसों की जांच की गई, इनमें 15 बसों में खामी मिली तो टीम ने सभी के मौके पर ही चालान किए। किसी बस में अग्निशमन संयंत्र चालू हालत में नहीं मिले तो कई बसों में महिला अटेंडेंट ही नहीं थी। एडीसी एवं आरटीए सचिव अनीश यादव ने स्कूल प्रबंधन को पॉलिसी के नियमों की पालना करने की नसीहत दी। उन्होंने पॉलिसी के अनुसार बस चलाने और बच्चों को सुरक्षित सफर मुहैया कराने का आह्वान किया।
बिना रूट बोर्ड चला रहे थे बस
सुबह जांच टीम पहले श्री कृष्ण प्रणामी पब्लिक स्कूल पहुंची, इसके बाद निर्मल पब्लिक स्कूल, आदर्श पब्लिक स्कूल, ओपीएस विद्या मंदिर व निशांत पब्लिक स्कूल में छापामारी की। हर स्कूल में किसी न किसी बस में कोई न कोई खामी मिली। एक बस पर रूट बोर्ड और एक बस का चालक बिना वर्दी के ड्यूटी पर मिला। जांच टीम की अध्यक्षता निरीक्षक जोगिंद्र ढुल ने की। उन्होंने स्कूल प्रबंधन को पॉलिसी के नियमों की पालना करने के निर्देश दिए।
मॉक ड्रिल करा दिया आग बुझाने का प्रशिक्षण
जांच के बाद सभी बसों के चालकों और परिचालकों को सड़क सुरक्षा के नियमों की जानकारी भी दी गई। इस दौरान बस चालकों व परिचालकों को अग्निशमन संयंत्र चलाने की जानकारी भी मॉक ड्रिल करवाकर दी गई। वर्कशॉप के दौरान आरटीए सहायक सचिव सतीश जैन, इंस्पेक्टर मनीष कुमार, खेमचंद व भागीरथ मौजूद रहे।