संवाद न्यूज एजेंसी
करनाल। गांव सांभली की खिलाड़ी आरती भाई अंकुश के सपने को पूरा करने के लिए खेल के मैदान में उतरीं। वर्ष 2024 में मात्र एक साल के अभ्यास के बाद ही तीन पदक अपने नाम किए। आरती के भाई अंकुश राष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ी रहे हैं। गंभीर चोट लगने के कारण उन्हें खेलना छोड़ना पड़ा।
आरती ने 23 से 25 सितंबर तक प्रयागराज में आयोजित नॉर्थ जोन जूनियर एथलेटिक्स चैंपियनशिप में हरियाणा की ओर हिस्सा लिया और अंडर-20 में 3000 हजार मीटर की रेस में स्वर्ण पदक जीतकर प्रदेश व जिले का नाम रोशन किया। आरती का ओलंपिक में खेलने का सपना है।
आरती रानी ने बताया कि जब वह गांव में स्कूल में वह प्रतियोगिताओं में हिस्सा लेती थीं। पिता नहीं चाहते थे कि वह खेलों में आगे जाएं। लेकिन अब बेटी को पदक जीतते देख पूरा परिवार समर्थन करता है।
आरती रानी करनाल के गांव सांभली की रहने वाली हैं। प्रारंभिक शिक्षा गांव से ही प्राप्त की। वह रेलवे रोड पर स्थित राजकीय महिला कॉलेज में द्वितीय वर्ष की छात्रा हैं। उनके पिता जयपाल सिंह किसान हैं। माता ऊषा रानी गृहिणी हैं। आरती रानी प्रतिदिन गांव में दौड़ का अभ्यास करती हैं। कॉलेज में शिक्षक डाॅ. बलबीर सिंह के मार्गदर्शन में अभ्यास करती हैं।
उपलब्धियांवर्ष 2025 में नॉर्थ जोन जूनियर एथलेटिक्स चैंपियनशिप में 3000 मीटर में स्वर्ण जीता
2024 में राज्य स्तरीय 3000 मीटर दोड़ में स्वर्ण पदक जीता
2024 राज्य स्तर की प्रतियोगिता में 1500 मीटर में कांस्य जीता
2024 कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय में 10 हजार मीटर में पदक जीता
2025 कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय खेल में सिल्वर पदक दिया गया