फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

इनेलो समर्थित प्रत्याशी आशा वधवा के खिलाफ आयोग को दी शिकायत, 23.73 करोड़ कर्ज की बात छुपाने का आरोप

विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन

करनाल। मेयर पद की आजाद प्रत्याशी आशा वधवा का नामांकन रद्द कराने के लिए भाजपा चुनाव आयोग का दरवाजा खटखटाएगी। आशा पर नामांकन पत्र में बैंक का कर्ज छिपाने के आरोप लगे हैं। न्यू हाउसिंग बोर्ड निवासी नवीन कुमार ने डीसी और रिटर्निंग ऑफिसर को आशा का नामांकन रद्द करने की शिकायत की है। उनका आरोप है कि आशा वधवा ने अपने नामांकन के दौरान करोड़ों रुपये के बैंक डिफाल्टर होने की जानकारी छिपाई। यह गंभीर अपराध है। इस संदर्भ में बैंक द्वारा डिमांड नोटिस भी जारी कर किए जा चुके हैं।
नवीन कुमार ने अपनी शिकायत में दस्तावेज लगाकर बताया है कि 31 अगस्त 2018 को इंडियन ओवरसीज बैंक ने मांग डिमांड नोटिस छपवाया था। नोटिस में लिखा है कि डाक के माध्यम से भी सूचना भेजी गई, लेकिन वह स्वीकार नहीं की गई। बैंक के नोटिस का हवाला देते हुए नवीन ने कहा है कि मैसर्स जेएसएम प्रोटींस प्राइवेट लिमिटेड ने इंडियन ओवरसीज बैंक से करोड़ों रुपये लिए थे। बैंक बार-बार पैसे मांगता रहा लेकिन नहीं लौटाए नहीं गए। इसलिए मांग सूचना जारी कर 23 करोड़, 73 लाख, 94 हजार 533 रुपये मांगे गए हैं। आरोप है कि अब भी बैंक को रकम नहीं लौटाई गई। हालांकि बैंक अपने नोटिस में स्पष्ट कर चुका है कि दो माह में रकम नहीं लौटाई गई तो लोन लेने वाली कंपनी और उसके सभी गारंटरों को डिफाल्टर माना जाएगा। इस मामले में एडीसी व चुनाव अधिकारी कैप्टन शक्ति सिंह ने कहा कि अब हमारे पास शिकायत करने का कोई औचित्य नहीं है। अगर स्क्रूटनी से पहले हमारे पास आते तो हम इसकी जांच करते।
विज्ञापन


जो बैंक का पैसा नहीं लौटा रहा, करनाल का विकास कैसे करेगा : जगमोहन
इधर, सेक्टर-14 स्थित श्रीकृष्णा मंदिर में भाजपा जिलाध्यक्ष जगमोहन आनंद ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि इंडियन ओवरसीज बैंक ने नोटिस प्रकाशित कराया है, जो बैंकों का पैसा नहीं लौटा रहा, वह मेयर बनने के बाद करनाल का विकास करवाएगा या अपना घर भरेगा? भाजपा इसके खिलाफ चुनाव आयोग के पास भी जाएगी। चुनाव आयोग को इनका नामांकन रद्द करना चाहिए। भाजपा की मेयर प्रत्याशी पांच साल करनाल की मेयर रहीं। उन पर कोई दाग नहीं है।
विज्ञापन


भाजपा डर गई है : मनोज वधवा
आजाद प्रत्याशी आशा वधवा के पति पूर्व डिप्टी मेयर मनोज वधवा ने कहा कि वह इस कंपनी में शेयर होल्डर हैं। इस मामले से उनका कोई लेना-देना नहीं है। हमारे खिलाफ दुष्प्रचार किया जा रहा है। इससे साबित होता है कि सरकार डर गई है। भाजपा को यह अहसास हो चुका है कि वह चुनाव हार रहे हैं। आज पार्षद पद के दो प्रत्याशियों और मेयर पद के एक प्रत्याशी का जबरदस्ती नामांकन उठवाया गया है। यह गुंडागर्दी पर उतर आए हैं, लेकिन करनाल की जनता इनका इलाज जरूर करेगी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें