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Karnal News: कोरोना के बाद 73 फीसदी लोगों की प्रतिरोधक क्षमता में आई गिरावट

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अनुज शर्मा
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करनाल। कोरोना महामारी के बाद लोगों की प्रतिरोधक क्षमता में भारी गिरावट देखने को मिल रही है। जिससे लोग कोरोना से लेकर अन्य छोटी-मोटी बीमारियों की चपेट में बार-बार आ रहे हैं। यह सिविल अस्पताल की लैब की रिपोर्ट में सामने आया है। जहां पर पिछले सात माह के दौरान डॉक्टर के परामर्श पर 40 हजार 982 लोगों ने अपनी टीएलसी यानी शरीर में सफेद रक्त कोशिकाओं की जांच करवाई है। जिनमें से 73 प्रतिशत यानी 29 हजार 916 लोगों की रिपोर्ट में टीएलसी की संख्या असंतुलित पाई गई है। यानी यह प्रतिरोधक क्षमता में गिरावट का नतीजा है।

जिला सिविल के एमडी, फिजिशियन डॉ. कुलबीर सिंह ने बताया कि एक स्वस्थ शरीर में टीएलसी यानी सफेद रक्त कोशिका की संख्या चार हजार से लेकर 11 हजार तक के बीच होती है। शरीर में टीएलसी की मात्रा बढ़ने से संक्रमण का खतरा बढ़ जाता है। इसके साथ ही शरीर का इम्यूनिटी सिस्टम भी कमजोर हो जाता है, जिसके कारण स्वास्थ्य से संबंधित अनेकों तरह की बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। उन्होंने बताया कि हमारे शरीर में श्वेत रक्त कोशिकाएं शरीर में घुस चुके कीटाणु या जीवाणु से लड़ते हैं और उन्हें बाहर निकालने की कोशिश करते हैं तो उस दौरान शरीर में टीएलसी बढ़ता है। इसके अलावा यदि शरीर में लगे चोट, गर्भावस्था, शारीरिक काम, या दर्द निवारक जैसी दवाइयों के कारण भी टीएलसी बढ़ता है। उन्होंने बताया कि कोरोना के बाद 73 फीसदी लोगों की प्रतिरोधक क्षमता में गिरावट आई है। संवाद
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क्या है टीएलसी

लैब तकनीकी अधिकारी गौरव छाबड़ा ने बताया कि टीएलसी यानी टोटल ल्यूकोसाइट्स काउंट। यह एक प्रकार की खून की जांच है। जो सफेद रक्त कोशिकाओं की संख्या का मूल्यांकन करता है, जिसे ल्यूकोसाइट्स के रूप में भी जाना जाता है। ल्यूकोसाइट्स हमारे शरीर के रक्षा तंत्र का आवश्यक अंग हैं, क्योंकि ये संक्रमण से लड़ते हैं।
सामान्य टीएलसी के लिए क्या खाएं

लैब इंचार्ज डॉ. श्वेता ने बताया कि टीएलसी असंतुलित होने पर शरीर में कमजोरी, कब्ज या दस्त की समस्या, भूख में कमी, तेज बुखार, त्वचा का सफेद होना, चेहरे या पैरों में सूजन का दिखना व मल में खून आना इत्यादि लक्षण दिखने लगते हैं। इन बीमारियों से बचने के लिए टीएलसी की मात्रा का समान होना जरूरी है। टीएलसी की मात्रा बढ़ जाने पर प्रोटीन, फाइबर और विटामिन युक्त चीजों का सेवन करना चाहिए। फल और हरी सब्जियों का सेवन करें।
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लैब में हुई जांच पर एक नजर

माह टीएलसी जांच



सितंबर 4440

अक्तूबर 3875



नवंबर 5017

दिसंबर 9186



जनवरी 6898

फरवरी 5659



मार्च 5907

कुल 40,982



(यह डाटा सिविल अस्पताल की लैब से लिया गया है।)
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