गांव बुड्ढा खेड़ा निवासी एक व्यक्ति से सरकारी नौकरी लगवाने के नाम पर 7 लाख रुपये की ठगी करने का मामला सामने आया है। पुलिस ने शिकायत के आधार पर तीन आरोपी सुरेश कुमार निवासी झांबा, राकेश कुमार निवासी संगोही, प्रवीन कुमार निवासी बड़ा गांव करनाल के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। बुड्ढा खेड़ा निवासी सुरजीत सिंह ने आरोप लगाया कि वह 12वीं के बाद सरकारी नौकरी करने का इच्छुक था। उसकी मुलाकात एक दिन सुरेश व राकेश से हुई। उन्होंने कहा कि वे सरकारी नौकरी लगवाते हैं। हमारी उच्चाधिकारियों से अच्छी जान पहचान है। हमने पहले भी कई नौकरियां लगवाई हैं। उन्होंने मेरे पिता को भी इसका लालच देकर मेरा फार्म हरियाणा स्टाफ सिलेक्शन कमीशन के लिए भरवाया और 12 लाख रुपये की नौकरी लगवाने की बात कही। आरोपी राकेश ने अपनी फेसबुक आईडी भी दिखाई, जिसमें उसने लाल बत्ती की गाड़ियों में खुद को अफसर बताकर फोटो खिंचवाई है व पोस्ट भी डाली है। कुछ दिन बाद मुझे राकेश का कॉल आया और कहने लगा कि उसे नौकरी के लिए एक अनुभव प्रमाण पत्र की जरूरत पड़ेगी जो कि सरकारी संस्थान से बनाना पड़ेगा। इसके लिए एक लाख रुपये लगेंगे। 31 जनवरी-2020 को राकेश ने अपने खाते में 1.5 लाख रुपये ट्रांजेक्शन करवाए और 5.6 लाख रुपये नगद ले लिए लेकिन नौकरी नहीं लगवाई। जब पैसे वापस मांगे तो प्रवीन ने कहा कि मैं इस समय पैसे तो नहीं लेकर आया किंतु अपनी गाड़ी आपके बेटे के नाम एफिडेविट कर देता हूं। बाकी पैसे किश्तों में दे देंगे। हमने जब चेक लगाए तो वह बाउंस हो गए।
नहर में मिला बुजुर्ग का शव
करनाल। गांव रसूलपुर खुर्द के समीप पुलिस को एक बुजुर्ग का शव नहर से मिला है। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए कल्पना चावला मेडिकल कॉलेज में रखवा दिया है। बुजुर्ग की शिनाख्त नहीं हो पाई है। पुलिस के अनुसार सूचना मिली थी कि गांव रसूलपुर खुर्द के समीप नहर में एक व्यक्ति का शव पड़ा है। वह गोताखोरों के साथ मौके पर पहुंचे और शव नहर से निकलवा लिया है लेकिन उसकी शिनाख्त नहीं हो पाई है।