कोरोना के चलते जिले के हालात बिगड़ते जा रहे हैं। मंगलवार को जहां 547 नए पॉजिटिव केस आए वहीं 26 कोरोना संक्रमित मृतकों का दाह संस्कार किया गया। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार 12 संक्रमितों की जान गई है। इस तरह मौत का आंकड़ा प्रतिदिन बढ़ता जा रहा है। जिले में स्वास्थ्य विभाग के अनुसार 296 संक्रमितों की जान चली गई है। हालांकि 550 मरीज ठीक भी हुए हैं। अभी तक जिले में 320308 सैंपल लिए गए हैं इनमें 290333 की रिपोर्ट निगेटिव आई है वहीं 29768 पॉजिटिव पाए गए। इनमें से 24055 मरीज ठीक होकर घर चले गए। जिला का पॉजिटिव रेट 7.5 है और रिकवरी रेट 80.43 था, मृत्यु दर 1 प्रतिशत से भी कम है। अभी भी 5417 एक्टिव केस हैं।
इन लोगों की गई जान
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार सेक्टर-9 निवासी 38 वर्षीय व्यक्ति, मुगल कैनाल निवासी 65 वर्षीय महिला, विकास कॉलोनी निवासी 34 वर्षीय महिला, गांव पिचौलिया निवासी 46 वर्षीय व्यक्ति, सेक्टर-13 निवासी 65 वर्षीय व्यक्ति, रास रेजिडेंस निवासी 51 वर्षीय महिला, सेक्टर-6 निवासी 64 वर्षीय महिला, राजीव पुरम निवासी 42 वर्षीय व्यक्ति, गांव बल्ला निवासी 46 वर्षीय व्यक्ति, सेक्टर-8 निवासी 61 वर्षीय व्यक्ति, सेक्टर-6 निवासी 68 वर्षीय व्यक्ति की मौत कोरोना संक्रमण के कारण हुई है। इन्हें अन्य बीमारी भी थी।
प्रशासन बता रहा बेड खाली, मरीज खा रहे धक्के
जिस तरह संक्रमितों की संख्या बढ़ रही है, उसी तरह गंभीर मरीज भी बढ़ते जा रहे हैं। प्रशासन द्वारा बनाए गए पोर्टल पर रोज तीन से चार बेड खाली दिखाए जाते हैं इनमें एक दो बेड आईसीयू के भी होते हैं लेकिन जब उन अस्पतालों में फोन किया जाता है तो वहां से जवाब मिलता है कि बेड खाली नहीं हैं। ऐसे में मरीजों कोे बहुत परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। क्याेंकि शहर के प्राइवेट अस्पतालों में अधिकतर मरीज दिल्ली, गुरुग्राम, यूपी, फरीदाबाद के हैं। मंगलवार को भी एक मरीज के परिजन ने मेडिकल कॉलेज से लेकर प्राइवेट अस्पताल में ऑक्सीजन बेड के लिए फोन किया लेकिन सभी जगहों से उन्हें बेड न होने का जवाब मिला। इसके बाद वह मजबूरन अपने मरीज को चंडीगढ़ ले गया। मंगलवार को भी प्रशासन ने ऑक्सीजन सहित नॉन एसी 416 बेड में से 9 बेड खाली बताए तो वहीं 206 आईसीयू बेड में से 2 खाली बताए गए।