अमर उजाला ब्यूरो
करनाल। एचसीएस परीक्षा में धार्मिक चिह्न पहनकर परीक्षार्थी पर प्रवेश करने की पाबंदी के खिलाफ शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी अदालत का दरवाजा खटखटाएगी।
हरियाणा पब्लिक सर्विस कमीशन द्वारा 31 मार्च को प्रदेश भर में करवाई जाने वाली परीक्षा में यदि सिख परीक्षार्थियों के धार्मिक चिह्न उतरवाने का प्रयास किया गया, तो दुनिया भर में सिखों का प्रतिनिधित्व करने वाली एसजीपीसी इस मामले को पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में ले जाएगी। बता दें कि एचसीएच परीक्षा में किसी भी प्रकार के आभूषण, धार्मिक चिह्न सहित अन्य कई वस्तुओं को लेकर परीक्षा केंद्र में प्रवेश पर पाबंदी लगा दी गई है। इन आदेशों की सूचना मिलने के बाद सिखों की सर्वोच्च संस्था शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी श्रीअमृतसर ने धार्मिक चिह्न लेकर परीक्षा देने के फैसले पर ऐतराज जताया है।
इस मामले को गंभीरता से लेते हुए एसजीपीसी के वरिष्ठ उपप्रधान रघुजीत सिंह विर्क ने धार्मिक चिह्नों पहन कर परीक्षा देने के पाबंदी के आदेश की निंदा की है। उन्होंने रोष व्यक्त करते हुए दो टूक शब्दों में कहा कि यह आदेश धार्मिक भावनाओं को भड़काने वाला है। किसी भी सूरत में सिखों की धार्मिक भावनाओं से खिलवाड़ और धार्मिक चिह्नों का अपमान सहन नहीं किया जाएगा।