फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पहले ही दिन नहीं हो पाई सरसों की खरीद, दावे हुए फेल

विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन

घरौंडा (करनाल)। प्रदेश सरकार द्वारा घोषित किसानों की सरसों की खरीद नई अनाज मंडी में पहले दिन नहीं हो पाई। मंडी में सरसों की खरीद न होने से प्रशासन के वे सभी दावे फेल हो गए, जिसमें कहा जा रहा था कि किसानों की सरसों की खरीद गुरुवार 28 मार्च से शुरू हो जाएगी। इसके लिए प्रशासन सभी तैयारियां पूरी होने का राग अलाप रहा था।
पहले दिन सरसों की खरीद न होने से किसानों के चेहरों पर मायूसी नजर आई। वीरवार को किसानों की सरसों की खरीद शुरू होने थी। इसके लिए किसान पिछले कई दिनों से अपना पंजीकरण करवाते आ रहे थे और जिन किसानों ने सरसों को बेचने के लिए रजिस्ट्रेशन करवाया था उनको यह उम्मीद थी कि आज सरकारी रेट पर उनकी सरसों खरीद ली जाएगी, लेकिन जैसे ही मंडी में सरसों की फसल लेकर किसानों को यह पता चला कि प्रशासन के इंतजाम पूरे नहीं है तो वे मायूस हो गए। किसानों का कहना है कि एक तो सरकार ने सरसों की खरीद की तारीख देरी से तय की है। जिस कारण कस्बे के अधिकांश किसानों ने अपनी फसल सरकारी खरीद से पहले ही आढ़तियों को औने-पौने भाव में बेचनी पड़ी थी। प्रशासन की माने तो सरकार द्वारा सरसों की खरीद के लिए 28 मार्च का दिन तय कर दिया था और प्रशासन द्वारा किसानों की सरसों का एक एक दाना खरीदा जाए, इसके लिए नियम व कानून भी तय कर दिए थे। अधिकारियों के अनुसार 28 से 30 मार्च तक कस्बे का कोई भी किसान, जिसने अपनी सरसों का पंजीकरण करवा रखा है। मंडी में सरसों बेच सकता है। इसके बाद क्षेत्र के हिसाब से सरसों की खरीद के लिए दिन तय कर दिए है। लेकिन पहले दिन ही प्रशासन के सभी दावे खोखले नजर आए। मंडी में आए अधिकांश किसानों को जब यह पता चला कि आज उनकी सरसों नहीं खरीदी जाएगी तो मजबूरन उन्हें अपनी सरसों को दोबारा वापस ले जाने या सेफ रखने के लिए मजदूरों से कट्टों में भरवाना पड़ा है। किसानों का कहना है कि जब हैफेड द्वारा खरीद के लिए तैयारी ही पूरी नहीं की गई थी तो उन्हें 28 तारीख तय करने की क्या जरूरत थी।
विज्ञापन
विज्ञापन


हैफेड द्वारा उन किसानों का ही सरसों खरीदा जाना है, जिन्होंने पूर्व में अपना पंजीकरण करवा लिया हो, और सरकार द्वारा अबकी बार पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन करने के आदेश दिए हैं। खरीद के लिए आज पहले दिन सभी गेट पास ऑनलाइन नहीं हो पाए। जिसके चलते पहले दिन खरीद नहीं हो सकी। कल तक पूरा कार्य ऑनलाइन कर दिया जाएगा। और किसानों की फसल खरीद ली जाएगी। -ईश्वर सिंह, मैनेजर, कोआपरेटिव सोसाइटी, असंध।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें