डिपो से गेहूं के 133 कट्टे गायब, पुलिस ने किया चोरी का केस दर्ज
विभाग ने कहा- उपभोक्ताओं को मिलेगा अनाज, जिम्मेदारी डिपो संचालक की
अमर उजाला ब्यूरो
घरौंडा। (करनाल)
पनौड़ी रोड पर स्थित एक डिपो से 133 कट्टे गायब होने का मामला सामने आया है। फिलहाल पुलिस ने मामले में चोरी का केस दर्ज करते हुए जांच शुरू कर दी है। जानकारी मुताबिक डिपो होल्डर अशोक कुमार के भाई श्रवण कुमार के पास सोमवार को दुकान का शट्टर खुले होने की सूचना आई। जब डिपो होल्डर अशोक कुमार दुकान पर पहुंचा तो डिपो में रखे 133 कट्टे गायब थे। मामले की सूचना पुलिस व फूड सप्लाई अधिकारियों को दी है। सूचना मिलने के बाद फूड सप्लाई इंस्पेक्टर प्रेम पाल ने पूरे मामले की गहनता से जांच की और चोरी हुए कट्टों व अन्य कारणों की भी रिपोर्ट तैयार की। दो दिन की छुट्टी होने के कारण अधिकारी अभी तक रिपोर्ट कार्यालय में ही रखे हुए हैं। अधिकारियों से जब इस संबंध में बातचीत की गई तो जिला खाद्य आपूर्ति अधिकारी व खाद्य आपूर्ति इंस्पेक्टर का रटा रटाया जवाब था कि रिपोर्ट तैयार कर ली है और मुख्यालय में भेज दी जाएगी और हेडक्वार्टर के मार्गदर्शन आगामी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
उपभोक्ताओं को मिलेगा राशन
वहीं जिला खाद्य आपूर्ति अधिकारियों के अनुसार डिपो से गेहूं चोरी होने में डिपो होल्डर को इसका नुकसान भुगतना पड़ेगा। पुलिस में मामला दर्ज करवा दिया गया है और आगामी कार्रवाई के लिए बुधवार को रिपोर्ट भेजी जाएगी। लेकिन उपभोक्ताओं को पूरा अनाज दिया जाएगा। डिपो होल्डर ने लगभग सात माह पहले सरकारी दुकान को वार्ड नं. 6 से वार्ड नं. 7 में शिफ्ट कर दिया था। डिपो लोकेशन चेंज होने के मामले में जब अधिकारियों से बात की गई तो उन्होंने अनभिज्ञता जाहिर करते हुए कोई संतोषजनक जवाब नहीं दिया।
डिपो होल्डर की दुकान से सरकारी राशन चोरी होने के मामले में की जाने वाली कार्रवाई के बारे में विभागीय अधिकारी अनभिज्ञता जता रहे हैं। अधिकारियों के मुताबिक गेहूं चोरी की रिपोर्ट तैयार कर हेडक्वार्टर भेजी जाएगी और इस मामले में कार्रवाई के लिए मार्गदर्शन लिया जाएगा। मजेदार पहलू है कि जिलाधिकारियों से लेकर स्थानीय अधिकारियों को भी चोरी के इस मामले में नियम व कायदों की जानकारी नहीं है। उधर, डिपो धारक ने चोरी हुए गेहूं मामले में केस दर्ज करा दिया है। फिलहाल विभाग व डिपो होल्डर में ठन गई है।
राशन डिपो पर गेहूं पहुंचने के बाद पूरी जिम्मेदारी डिपो होल्डर की होती है। इस मामले में कार्रवाई के लिए उच्चधिकारियों का मार्गदर्शन लिया जाएगा। गेहूं चोरी होने से उपभोक्ताओं का कोई नुकसान नहीं हुआ है, उन्हें दिसंबर माह का पूरा अनाज मिलेगा। -अनिल कुमार, डीएफएससी, करनाल।