अमर उजाला ब्यूरो
करनाल। सीएम सिटी में प्रदेशभर से आए हरियाणा गवर्नमेंट पीडब्ल्यूडी मैकेनिकल वर्कर्स यूनियन के सदस्यों ने सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों का नेतृत्व प्रांतीय प्रधान वीरेंद्र सिंह डंगवाल ने किया। सुबह ही कर्मचारी अपने-अपने वाहनों में बैठकर नारे लगाते हुए सेक्टर 12 स्थित हुड्डा ग्राउंड में एकत्रित हुए और सरकार से खफ़ा हुए बैठे कर्मचारियों ने जमकर सरकार विरोधी नारे लगाए।
कर्मचारी कच्चे कर्मियों को पक्का करो, समान काम समान वेतन लागू करो, पंचायती पंप ऑपरेटर को वेतन बैंकों के माध्यम से देने तथा ठेकेदारी प्रथा बंद करो निजीकरण पर रोक लगाने की नारे लगा रहे थे। विरोध सभा का संचालन महासचिव शीलक राम मलिक ने किया। वीरेंद्र सिंह डंगवाल ने राज्य सरकार पर वादाखिलाफी का आरोप लगाया उन्होंने बताया कि गत वर्ष 6 नवंबर को प्रदेश के सीएम के प्रधान सचिव राजेश खुल्लर ने यूनियन शिष्टमंडल को वार्तालाप के लिए चंडीगढ़ सिविल सचिवालय में बुलाया था, जिसमें कर्मचारियों की मांगों पर विस्तार से चर्चा होने के उपरांत उन्हें एक माह के अंतर्गत लागू करने का निर्णय लिया गया, लेकिन सरकार ने अभी तक मानी गई मांगों को क्रियान्वित नहीं किया है यूनियन की मुख्य मांगों में टर्म आधार पर कार्यरत पंप ऑपरेटरों की सेवाएं नियमित करने, जब तक रेगुलर नहीं होते तब तक सर्वोच्च न्यायालय के निर्णय अनुसार समान काम के लिए समान वेतन देने, सेवा नियमों में व्याप्त त्रुटियों को दूर करने, जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग में रेगुलर मैकेनिकल स्थापना ग्रुप के मैट्रिक पास कर्मचारियों को लिपिक के पदों पर पदोन्नति करना, सिंचाई विभाग में प्रमोशन के लिए कंप्यूटर ज्ञान की शर्तों को हटाना तकनीकी पदों पर कार्यरत कर्मचारियों के ग्रेड-पे में बढ़ोतरी करने सिंचाई, बी एंड आर एवं पब्लिक हेल्थ में वर्षों से खाली पड़े पदों पर नियमित भर्ती करने विभाग की भूमि पर हो रहे अवैध कब्जों को समाप्त करके उन पर आवासीय कॉलोनियों का निर्माण करने एवं पंचायती पंप ऑपरेटरों को वेतन का भुगतान बैंकों के माध्यम से करने हाउस रेंट लागू करने आदि है डंगवाल ने सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि 19 अगस्त तक कर्मचारियों की मांग नहीं मानी गई तो 20 अगस्त को सर्व कर्मचारी संघ के बैनर तले विधानसभा का घेराव करने के लिए हजारों कर्मचारी पंचकूला जाएंगे।
यदि फिर भी समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो यूनियन मुख्यमंत्री के करनाल आवास के सामने बेमियादी धरना आरंभ कर देगी। उन्होंने पिछली सरकार द्वारा 18 जून 2014 को रेगुलर हुए कर्मियों को पंजाब हरियाणा हाईकोर्ट में मजबूती से पैरवी नही करने से पांच हजार से अधिक कर्मचारियों को 31/5/2018 को कच्चे करने के आदेशों को दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए सरकार से इनको पूर्ण नियमित करने के लिए कानून बनाने की वकालत की है। आज के प्रदर्शन को सर्व कर्मचारी संघ के महासचिव सुभाष लांबा ने भी संबोधित किया अपने संबोधन में उन्होंने मांगों का पुरजोर समर्थन करते हुए सरकार को आगाह किया की यदि हरियाणा गवर्नमेंट पीडब्ल्यूडी मैकेनिकल वर्कर्स यूनियन के कर्मचारियों के साथ हो रहे सौतेले व्यवहार पर रोक नहीं लगाई तो सर्व कर्मचारी संघ इनके आंदोलन में पुरजोर योगदान देगा उन्होंने कहा कि यूनियन वर्षों से आंदोलन की राह पर है लेकिन सरकार वार्ता करने के बाद भी मांगों को लागू करने में निरंतर टालमटोल की नीति अपनाती रही है विभागों के स्थायी प्रकृति के कार्यों पर अस्थाई कर्मचारियों को नियुक्त किया जाता है कच्चे कर्मचारियों का ठेकेदार और विभाग के अधिकारी मिलकर भारी शोषण कर रहे हैं इन्हें न्यूनतम वेतन तथा सामाजिक सुरक्षा की गारंटी मुहैया नहीं कराई जाती है।
इस अवसर पर भारतीय मजदूर संघ छोड़कर पंप ऑपरेटरों ने हरियाणा गवर्नमेंट पीडब्ल्यूडी मैकेनिकल वर्कर्स यूनियन में आस्था जताई। प्रदर्शन को यूनियन के उप महासचिव कृष्ण चंद्र शर्मा वरिष्ठ उपप्रधान गंगाराम में जय भगवान दहिया दरियाव सिंह सतीश राणा, सुरेंद्र मान कृपाशंकर त्रिपाठी, जयपाल गुडा, सतीश अहलावत, राजेंद्र शर्मा, राजवीर रानीवाल, राजकुमार राघव, रविंद्र शर्मा, राजेंद्र शर्मा, सुरेंद्र कुमार, सतपाल सरोहा जिला प्रधान करनाल धर्मवीर जांगड़ा जिला सचिव सर्व कर्मचारी संघ के जिला प्रधान ओम प्रकाश शिवराज सिंह भाटी कंवर लाल यादव शिव कुमार धानक राकेश तवर योगेश शर्मा ओमपाल मुबीन खान रामभगत शोकंद सूरज भाटिया आदि ने भी संबोधित किया।