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39 में से 26 खरीद केंद्रों पर नहीं हुई गेहूं की खरीद

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जिले की तीन मंडियों में आढ़तियों की हड़ताल के कारण 39 में से 26 केंद्रों पर गेहूं की खरीद नहीं हुई। वहीं तीन मंडियों में सरकारी आंकड़ों के मुताबिक 35197 एमटी गेहूं की खरीद हुई है। उधर, आढ़तियों का दावा है कि कहीं कोई खरीद नहीं हुई। यदि किसी आढ़ती ने बोली आने पर थोड़ी बहुत गेहूं लिखवाई है तो अलग बात है। उन्होंने कहा कि जब मंडियों में तुलाई ही बंद रखी गई तो खरीद कहां से होगी? उधर, खरीद न होने के कारण किसान परेशान हैं। अकेले कैथल शहर की मंडियों में करीब एक लाख क्विंटल से अधिक गेहूं की आवक हो चुकी है। जिसकी बिक्री के इंतजार में किसान मंडी में बैठने को मजबूर हैं।
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विदित रहे कि मांगों को लेकर आढ़तियों ने आठ अप्रैल से मंडियों में हड़ताल का ऐलान किया था। इसलिए नई अनाज मंडी में एक भी ढेरी नहीं तुली। पुरानी अनाज मंडी और विस्तार अनाज मंडी में भी हड़ताल रही। जिला प्रधान अश्वनी शोरेवाला ने कहा कि पूरे जिले में हड़ताल से खरीद प्रभावित रही है। अधिकारियों ने कहां से खरीद दिखाई है, उन्हें नहीं पता। यदि किसी आढ़ती ने बोली पर थोड़ी बहुत खरीद लिखवाई होगी, वह कह नहीं सकते। अनाज मंडी में लगभग एक लाख से अधिक क्विंटल गेहूं पड़ा हुआ है।
दूसरी ओर अनाज मंडी में गेहूं लेकर आए किसानों सुरेश कुमार, रमेश कुमार, राजेश व रामकुमार ने कहा कि पहले तो नमी के कारण कई दिनों तक खरीद नहीं हुई। अब हड़ताल के कारण वे परेशान हैं। उन्होंने सरकार से मांग है कि गेहूं खरीद की व्यवस्था की जाए।
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मार्केट कमेटी कैथल सचिव रोशन लाल ने कहा कि कैथल में करीब 20 हजार एमटी के आस-पास खरीद हुई है। खरीद केंद्रों पर ही ज्यादा खरीद की गई है। मंडी में लगभग चालीस हजार क्विंटल की आवक है।
डीएफएससी ने की12 हजार क्विंटल गेहूं की खरीद
पूंडरी। पूंडरी अनाज मंडी में गेहूं की आवक निरंतर बढ़ती जा रही है और इसके चलते मंडी भी गेहूं की ढेरियों से भर रही है। किसानों की मांग की कि मंडी से भी खरीद एजेंसी गेहूं खरीद करें, जबकि अधिकारी सरकार के निर्देश से मंडी को बारदाना मुक्त रखना चाह रहे हैं। मंडी को बारदाना मुक्त रखने की कोशिश में खरीद अधिकारी भी उन्हीं किसानों की गेहूं की क्वालिटी को चैक कर रहे है। जो साइलो गोदाम सोलूमाजरा में गेहूं ले जाने को तैयार है। मंडी में पड़ी किसानों की गेहूं की ढेरियों को अधिकारी किसी भी सूरत में लेने के लिए तैयार नहीं है। इससे किसानों को गोदाम तक अपना गेहूं पहुंचाने में काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उधर खरीद अधिकारियों का मंडी में पड़ी ढेरियों को खरीदने को लेकर तर्क ये है कि उनके पास लिंक ही साइलो गोदामों के लिए है तो वे मंडी से खरीद कर बारदाना कहां से लेकर आएं। मंडी से उन किसानों का गेहूं भी खरीद किया जा रहा है जो गेहूं को साइलो गोदामों में ले जाने को तैयार हैं। वीरवार को डीएफएससी द्वारा लगभग 12 हजार क्विंटल गेहूं वो ही खरीद किया गया जो किसान साइलो गोदमों में ले जाने के लिए तैयार थे।
मंडी में पड़ी लगभग 25 हजार क्विंटल गेहूं की खरीद को लेकर मंडी एसोसिएशन के प्रधान सतीश हजवाणा के नेतृत्व में आढ़तियों का एक शिष्टमंडल डीसी कैथल सुजान सिंह से मिला और मांग की कि मंडी में पड़े लगभग 50 हजार कट्टों की खरीद करवाई जाए। आढ़तियों को डीसी कैथल ने आश्वासन दिया कि शुक्रवार से गेहूं की खरीद करवा दी जाएगी और जितना खरीद किया जाएगा, उसके लिए बारदाना भी दे दिया जाएगा। डीएफएससी निरीक्षक कुलदीप सिंह ने कहा कि उनके पास बारदान न देने के निर्देश हैं।
गेहूं की खरीद न होने के कारण किसानों ने किया प्रदर्शन
मार्केट कमेटी कार्यालय के बाहर नारेबाजी कर जताया रोष
गुहला-चीका। गेहूं के सीजन को 8 दिन हो गए लेकिन किसानों की गेहूं मंडी में अभी तक नहीं बिक रही। जिस कारण किसानों ने मार्केट कमेटी सचिव कार्यालय के बाहर नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया।
प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे हरियाणा किसान यूनियन के उपाध्यक्ष सुभाष पूनिया, जिला उपाध्यक्ष चमकौर सिंह, युवा प्रधान गुरदेव बदसूई, रतना भागल, पाला भागल, कुलविंद्र सिंह व अन्य किसानों ने कहा कि उन्हें अपनी फसल बेचने के लिए दर-दर की ठोकरें खानी पड़ रही हैं। प्रदर्शन के दौरान किसानों ने नारेबाजी कर रोष जताया और बाद में मार्केट कमेटी कार्यालय पर आकर धरना देकर बैठ गए। धरने की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। किसानों ने मार्केट कमेटी सचिव को दो घंट में खरीद व तुलाई सुचारु रूप से करने की चेतावनी दी और कहा कि यदि ऐसा नहीं हुआ तो मार्केट कमेटी के सभी दरवाजों पर ताला लगाकर जाम लगा दिया जाएगा।
मार्केट कमेटी सचिव नरेंद्र ढुल का कहना है कि दोनों मंडियों में गेहूं की खरीद सुचारू रूप से चल रही है। गेहूं तुलाई की बात पर उन्होंने कहा कि जिस आढ़ती ने किसान की गेहूं की ढेरी को बेच दी है, उसकी तुलवाई करवाना आढ़ती की जिम्मेदारी है। डीएफएससी कार्यालय के अनुसार वीरवार को जिले में करीब 35197 एमटी गेहूं की खरीद हुई है। 39 में से 26 केंद्रों पर खरीद नहीं हुई। कैथल की तीन मंडियों में 4457 एमटी, गुहला-चीका में 16851 एमटी, रामथली में 5217, सोलू माजरा में 2500 एमटी गेहूं की खरीद हुई है।
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