संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। पुलिस ने साइबर ठगी के एक मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों मोहम्मद मकसूद और नासिम को गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपी मेवात क्षेत्र के जंगलों में छिपकर लोगों को फोन कर ठगी की वारदातों को अंजाम दे रहे थे।
पुलिस प्रवक्ता प्रवीण श्योकंद ने बताया कि देवीगढ़ रोड निवासी सिमरन ने शिकायत दी थी कि 26 अप्रैल को उसके मोबाइल पर एक व्यक्ति का फोन आया। कॉल करने वाले ने खुद को उसके पिता परमजीत का दोस्त मनोज बताया और कहा कि उसके पिता ने 90 हजार रुपये भेजने को कहा है। उसने गूगल पे के माध्यम से लेन-देन करने की बात कही।
आरोपी ने विश्वास दिलाने के लिए पहले 10 रुपये, 10 हजार रुपये और 20 हजार रुपये के फर्जी ट्रांजैक्शन मैसेज भेजे। इसके बाद उसने यह कहकर झांसा दिया कि गलती से ज्यादा पैसे भेज दिए गए हैं और कुछ राशि वापस करने को कहा। झांसे में आकर सिमरन ने पहले 12,800 रुपये ट्रांसफर कर दिए। इसके बाद आरोपी ने व्हाट्सएप पर ‘आयुष्मान शिवहरे’ नाम से एक क्यूआर कोड भेजा। इस पर भरोसा करते हुए पीड़िता ने अपने खाते से 27 हजार रुपये और अपनी मां के खाते से 48 हजार रुपये ट्रांसफर कर दिए। इसके बाद एक और क्यूआर कोड भेजकर आरोपी ने 20 हजार रुपये और ठग लिए। इस प्रकार कुल 1,07,800 रुपये की ठगी की गई।
एसपी मनप्रीत सिंह सूदन ने थाना साइबर क्राइम टीम का गठन किया। एएसआई मनीष कुमार के नेतृत्व में टीम ने जांच शुरू की और मेवात के जंगल क्षेत्र में दबिश देकर दोनों आरोपियों को काबू कर लिया। जांच में सामने आया है कि आरोपी जंगलों में बैठकर फोन से लोगों को निशाना बनाते थे। आरोपी नासिम को जेल भेज दिया गया है, जबकि मोहम्मद मकसूद को दो दिन के पुलिस रिमांड पर लेकर पूछताछ की जा रही है।