उन्होंने बताया कि इच्छुक खिलाडि़यों को अपने विभाग या कार्यालय से यह प्रमाण-पत्र साथ लाना अनिवार्य होगा कि वे संबंधित विभाग के नियमित सरकारी कर्मचारी/अधिकारी हैं। ट्रायल में आने-जाने और प्रतियोगिता में भाग लेने का खर्च संबंधित खिलाड़ी के विभाग द्वारा वहन किया जाएगा।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि केंद्रीय सिविल सेवा सांस्कृतिक एवं खेल बोर्ड की हिदायतों के अनुसार रक्षा सेवाओं, अर्धसैनिक बलों, केंद्रीय पुलिस संगठनों, पुलिस, आरपीएफ, सीआईएसएफ, बीएसएफ, आईटीबीपी और एनएसजी के वर्दीधारी कर्मी, स्वायत्त निकायों, सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों और सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के कर्मचारी, दिहाड़ी एवं कैजुअल श्रमिक, अस्थायी ड्यूटी पर तैनात कर्मचारी तथा नए भर्ती हुए कर्मचारी, जिन्होंने नियमित सेवा में छह महीने से कम समय पूरा किया हो, वे कर्मचारी इस प्रतियोगिता में भाग लेने के लिए पात्र नहीं होंगे। संवाद