फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Kaithal News: जिले में 7200 एकड़ में फसल विविधीकरण का लक्ष्य

विज्ञापन
विज्ञापन
कैथल। उपायुक्त अपराजिता ने बताया कि जिले में भू-जल स्तर को सुधारने और जल संरक्षण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से हरियाणा सरकार की महत्वाकांक्षी योजना मेरा पानी-मेरी विरासत के तहत जिले में इस वर्ष 7200 एकड़ भूमि पर धान के स्थान पर वैकल्पिक फसलों की खेती का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। उन्होंने किसानों से आह्वान किया कि वे अधिक पानी की खपत वाली धान की खेती के स्थान पर वैकल्पिक फसलों को अपनाकर जल संरक्षण में अपना योगदान दें।
विज्ञापन

उन्होंने कहा कि धान के स्थान पर मक्का, कपास, खरीफ दलहनी फसलें जैसे अरहर, मूंग, ग्वार, मोठ और उड़द, सोयाबीन, तिलहन फसलें जैसे तिल, अरंडी और मूंगफली, खरीफ प्याज, चारा फसलें, सब्जियों की खेती, खेत को खाली रखना और पॉपलर व सफेदा जैसे वृक्ष लगाने पर 8000 रुपये प्रति एकड़ की प्रोत्साहन राशि सीधे किसानों के बैंक खातों में भेजी जाएगी। इसके अतिरिक्त दलहन, तिलहन और कपास की खेती करने वाले किसानों को 2000 रुपये प्रति एकड़ अतिरिक्त बोनस भी दिया जाएगा।


उन्होंने बताया कि योजना का लाभ उन किसानों को मिलेगा जिन्होंने पिछले चार वर्षों के दौरान संबंधित भूमि पर धान की खेती की हो। साथ ही पिछले वर्ष योजना का लाभ लेने वाले किसान यदि इस वर्ष भी वैकल्पिक फसलें अपनाते हैं तो वे भी योजना के लिए पात्र होंगे। योजना के लाभ के लिए भौतिक सत्यापन अनिवार्य रहेगा। योजना का लाभ लेने के इच्छुक किसानों के लिए मेरी फसल-मेरा ब्योरा पोर्टल पर पंजीकरण अनिवार्य है। पंजीकरण प्रक्रिया 18 मई 2026 से शुरू हो चुकी है। किसान समय रहते पंजीकरण करवाएं।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें