संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल/पूंडरी। पाई गांव और जटेड़ी रोड पर पुरानी रंजिश में हुए दोहरे हत्याकांड मामले में स्पेशल डिटेक्टिव यूनिट ने तीन और आरोपियों कुलदीप, रविंद्र उर्फ रवि और सन्नी को गिरफ्तार किया है। इन्होंने पहले से गिरफ्तार दोनों आरोपियों राहुल और विजय के साथ मिलकर दोहरा हत्याकांड अंजाम दिया था। इसके बाद सभी मौके से भाग निकले। यह खुलासा डीएसपी गुरविंदर सिंह ने किया। उन्होंने बताया कि राहुल ने झज्जर के गांव बहु निवासी कुलदीप के साथ मिलकर छह माह पहले हत्या का यह प्लान बनाया था।
पत्रकारों से बातचीत में डीएसपी गुरविंदर सिंह ने बताया कि राहुल ने आरोपी कुलदीप को काम के लिए पांच लाख रुपये देने की डील की। डीएसपी ने बताया कि पकड़े गए आरोपियों में कुलदीप के अलावा रविंद्र उर्फ रवि रेवाड़ी के गांव बेहला का निवासी है जबकि सन्नी गांव काकौत का रहने वाला है।
डीएसपी ने बताया कि कुलदीप अन्य आरोपियों के साथ था और राजेंद्र की हत्या करने के बाद वह राहुल से 8 हजार रुपये लेकर चला गया था। आरोपी कुलदीप और राहुल गुरुग्राम में एक साथ काम करते थे और दोनों की दोस्ती थी। कुलदीप पाई गांव में भी आता था। इसी दौरान आरोपी राहुल ने कुलदीप को वर्षों पुरानी हत्याकांड की कहानी सुनाई और बदला लेने की बात कही। इसके बाद आरोपी एकजुट हो गए।
गौरतलब है कि इस दोहरे हत्याकांड में गिरफ्तार दोनों आरोपी राहुल और विजय 26 दिसंबर तक पुलिस रिमांड पर हैं। आरोपी कुलदीप अदालत के आदेशानुसार न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया, जबकि आरोपी रविंद्र व सन्नी को पूछताछ के लिए पुलिस ने तीन दिन के रिमांड पर लिया है।
गौरतलब है कि आरोपियों ने राजेंद्र को चार और वीरभान को तीन गोलियां मारी थीं। राजेंद्र को लगी चार गोलियों में आंख की पुतली के पास, दो हाथों पर और कमर के ऊपर लगी थी। वीरभान को तीन गोलियां छाती में मारी थी। किसी को ऐसी घटना का अनुमान नहीं था। इससे गांव में दहशत का माहौल बन गया था।
आरोपी रविंद्र ने अवैध असलहा और सन्नी ने दिलाए थे कारतूस
आरोपियों से पूछताछ के दौरान खुलासा हुआ कि रेवाड़ी के गांव बेहला निवासी आरोपी रविंद्र अन्य आरोपी कुलदीप व राहुल का दोस्त है। रविंद्र ने उन्हें यूपी के बागपत से अवैध असलहा दिलवाने में सहायता की थी। आरोपी सन्नी आरोपी राहुल व विजय का दोस्त है। आरोपियों को यूपी से अवैध कारतूस सन्नी ने दिलवाए थे। हत्या की वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी राहुल व विजय काकौत निवासी सन्नी के पास गए तथा सन्नी ने ही उनकी पेहवा किसी जगह छुपने में मदद की तथा उनके साथ ही रहा था तथा आरोपी राहुल हत्या की वारदात में प्रयुक्त पिस्टल भी सन्नी को दे गया था।
पुलिस ने आरोपी कुलदीप के कब्जे से अवैध देसी पिस्टल व पांच कारतूस तथा आरोपी सन्नी के कब्जे अवैध पिस्टल व 6 कारतूस सहित कुल दो अवैध पिस्टल व 11 कारतूस बरामद किए गए हैं।
यह है मामला
डीएसपी गुरविंद्र सिंह ने बताया कि तेजेंद्र उर्फ तेजी निवासी गांव पाई की शिकायत के अनुसार उसके परिवार व गांव के ही चेला राम के परिवार के बीच पिछले करीब 14–15 वर्षों से जमीन को लेकर विवाद चला आ रहा है। इसी के चलते वर्ष 2012 में हुए झगड़े में चेला राम के परिवार के दो सदस्यों की मौत हो गई थी, उस मामले में उनके परिवार के कई सदस्यों को सजा हुई थी तथा वर्ष 2018 में वो सभी हाईकोर्ट से जमानत पर रिहा हुए थे। 19 दिसंबर की सुबह करीब 9:30 बजे वह अपने ताऊ के लड़के सुनील के साथ गांव की गली में खड़ा था। उसी दौरान उसके ताऊ वीरभान उर्फ भाना श्मशान वाले खेत से घर लौट रहे थे। जब भाना गांव में पहुंचे तो दो मोटरसाइकिलों पर सवार चार युवक हथियार लहराते हुए आए और भाना पर ताबड़तोड़ गोलियां चला दीं, जिससे वह गंभीर रूप से घायल होकर गिर पड़ा और मौके पर ही उनकी मौत हो गई थी। आरोपियों ने धमकी देते हुए कहा था कि उन्होंने परिवार के एक अन्य सदस्य राजेंद्र पुत्र ओमप्रकाश को भी गोली मार दी है और उसकी लाश जटेड़ी रोड के खेतों में पड़ी है, इसके बाद आरोपी फरार हो गए। परिजनों द्वारा मौके पर जाकर देखने पर राजेंद्र की स्कूटी सड़क पर खड़ी मिली और कुछ दूरी पर खेतों में उसकी गोली लगी लाश बरामद हुई थी।