संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार के अधीन राष्ट्रीय पुस्तक न्यास की ओर से शुरू की गई ‘पुस्तक परिक्रमा बस’ वीरवार को कैथल पहुंची। इस मौके पर उपायुक्त ने कहा कि पाठ्यक्रम के साथ -साथ साहित्य और संस्कृति से जुड़ी किताबों का भी विद्यार्थियों को अध्ययन करना चाहिए।
इससे पूर्व लघु सचिवालय परिसर में उपायुक्त प्रीति और एसडीएम अजय सिंह ने रिबन काटकर इस मोबाइल पुस्तक मेले का औपचारिक शुभारंभ किया। इस बस में न्यायपालिका, संविधान, स्वतंत्रता सेनानियों, बच्चों की कहानियों, महापुरुषों की जीवनी और अन्य विषयों से संबंधित करीब 1000 ज्ञानवर्धक व ऐतिहासिक पुस्तकें प्रदर्शित की गई हैं।
कार्यक्रम में अपने संबोधन में डीसी प्रीति ने कहा कि शिक्षा से बड़ा कोई धन नहीं होता, और एक शिक्षित नागरिक ही देश के विकास में सक्रिय भूमिका निभा सकता है। उन्होंने विद्यार्थियों से पाठ्यक्रम के साथ साहित्य, संस्कृति और महापुरुषों के जीवन से जुड़ी पुस्तकों का भी अध्ययन करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि ऐसी पुस्तकें न केवल ज्ञान का स्रोत होती हैं, बल्कि ये हमारे व्यक्तित्व, चिंतन और सामाजिक दृष्टिकोण को भी सकारात्मक दिशा देती हैं। डीसी प्रीति ने यह भी कहा कि पढ़ने की कोई उम्र नहीं होती। हमें अपने व्यस्त जीवन से समय निकालकर किताबों के माध्यम से देश-दुनिया को समझने का प्रयास करना चाहिए।
डीसी ने बताया कि यह पुस्तक बस तीन दिनों तक विभिन्न स्थानों पर ठहरेगी। पहले दिन लघु सचिवालय और पेहवा चौक स्थित स्वामी विवेकानंद पुस्तकालय के पास पुस्तकों की प्रदर्शनी लगाई गई, जहां अधिकारियों, कर्मचारियों और आम नागरिकों ने विशेष रुचि दिखाई और अपनी पसंद की पुस्तकें खरीदीं। आगामी दो दिनों में यह पुस्तक बस बस स्टैंड परिसर, कमेटी चौक, पटवार भवन के बाहर और जींद रोड स्थित आईटीआई परिसर में ठहरेगी।
पुस्तक खरीदने पर विशेष छूट
परिक्रमा प्रभारी रोहित कुमार ने बताया कि यह पुस्तक परिक्रमा बस 17 मई से शुरू हुई थी और एक जुलाई तक चलेगी। अब तक यह पंजाब के विभिन्न जिलों का दौरा कर चुकी है। कैथल के बाद यह करनाल, पानीपत और सोनीपत होते हुए दिल्ली लौटेगी। उन्होंने बताया कि पुस्तकालयों और स्कूलों को पुस्तकों की खरीद पर 25% की विशेष छूट दी जा रही है, जबकि अन्य पाठकों को 10% की छूट मिल रही है। पुस्तकें खरीदने के लिए इच्छुक लोग मोबाइल नंबर 7827731400 पर संपर्क कर सकते हैं।