नुसार जिले में 152 कालोनियों में प्लाट खरीदने वाले लोगों को राहत मिल सकती है। पूर्व में ऐसी कालोनियों की संख्या 102 थी, जो अब बढ़कर 152 हो गई है। इन कालोनियों का सर्वे करके विभाग ने रिपोर्ट भेज दी है। अब विभाग की ओर से बनाई जा रही राज्यस्तरीय नीति का इंतजार किया जा रहा है।
विदित रहे कि जिला टाउन एवं प्लानिंग विभाग की ओर से पहले 102 कालोनियों की रिपोर्ट भेजी गई थी। जिसमें 30 प्रतिशत या इससे अधिक मकान बने हुए हैं। इसके बाद विभाग को निर्देश मिले कि 10 प्रतिशत मकान वाली कालोनियों का भी सर्वे किया जाए। इसके बाद 10, 20 व 30 प्रतिशत या इससे अधिक मकान वाली कालोनियों का सर्वे किया गया और इसकी रिपोर्ट विभाग को भेजी गई है। इस तरह से जिले में इस समय 152 ऐसी कालोनियां चिन्हित की गई हैं, जो अवैध हैं। लेकिन उनमें 10 प्रतिशत या इससे अधिक मकान बन चुके हैं। मुख्यमंत्री द्वारा इस संबंध में घोषणा की गई है कि अवैध कालोनियों को वैध करने की नीति बनाई जा रही है। सीएम की घोषणा अनुसार यदि जिले की ये 152 कालोनियां सरकार की नई नीति में आ गई तो इन कालोनियों में मकान खरीदने वाले लोगों को सभी तरह की आवश्यक सेवाएं सरकार की ओर से दी जाएंगी। जिसमें बिजली, पानी, सीवरेज व अन्य सुविधाएं शामिल हैं।
डीटीपी अनिल नरवाल ने बताया कि विभागीय निर्देशानुसार 10, 20 व 30 प्रतिशत या इससे अधिक घर वाली कालोनियों की रिपोर्ट विभाग को भेज दी गई है। ऐसी करीब 152 कालोनियां हैं। इनके संदर्भ में जैसे भी विभाग की ओर से निर्देश प्राप्त होंगे, आगे उसी अनुसार कार्रवाई की जाएगी। जिले में आगे अवैध कालोनी विकसित न हो, इसके लिए सख्त कार्रवाई की जा रही है। लोगों से अपील है कि वे वैध कालोनी में ही प्लाट खरीदें।