संवाद न्यूज एजेंसी
गुहला/चीका। हरियाणा स्कूल शिक्षा परियोजना परिषद पंचकूला की ओर से दिव्यांग विद्यार्थियों की समावेशी शिक्षा उन्मुखीकरण पर आयोजित दो दिवसीय जागरूकता शिविर का समापन हो गया।
इसमें एबीआरसी उपेंद्र शुक्ला ने कहा कि दिव्यांगों के प्रति संवेदनशीलता जरूरी है। सामान्य अध्यापकों व आमजनों को इसका ध्यान रखना चाहिए तभी दिव्यांग छात्रों का समावेश किया जा सकता है और इन्हें मुख्यधारा में लाया जा सकता है। विजय कुमार ने बच्चों की प्रारंभिक अवस्था में पहचान करने व दिव्यांग छात्रों की बोर्ड परीक्षा में प्रदान की जाने वाली सुविधाओं के बारे में बताया।
कुमारी सपना ने दिव्यांग छात्रों के नामांकन के लिए प्रशस्त एप की जानकारी दी। विशेष अध्यापिका मनजोत कौर ने कहा कि यदि दिव्यांग बच्चों की प्रारंभिक अवस्था में पहचान हो जाती है तो अभिभावकों को उनकी देखभाल में आसानी रहती। रजनी शर्मा व सुमन प्रीत कौर ने आरपीडब्ल्यूडी एक्ट 2016 के तहत दिव्यांग बच्चों के अधिकारों के बारे में विस्तार पूर्वक बताया।