संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। कोरोना की आहट के बीच अब आरटीपीसीआर लैब को कलायत से कैथल के जिला नागरिक अस्पताल में शिफ्ट कर दिया गया है। कुछ दिन पहले ही इस लैब को कलायत से शिफ्ट करने की योजना बनाई गई थी, लेकिन विभाग की ओर से इसे तुरंत शिफ्ट किया गया है जबकि
पहले इसे एक महीने में शिफ्ट किया गया था। हालांकि अभी विभाग की ओर से कोरोना सैंपल लेने की प्रक्रिया भी शुरू नहीं की गई है।
लैब के शिफ्ट होने के बाद अब जिला नागरिक अस्पताल में ही कोरोना के मरीजों की जांच व उनके रिपोर्ट तैयार हो सकेगी। ऐसे में अब मरीज को टेस्ट करवाने के लिए कलायत जाने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी। अब यहीं पर कोरोना से संबंधित लक्षण देखने पर मरीज अपने टेस्ट करवा सकेंगे और इलाज भी यहीं से करवा सकेंगे। इसके लिए नागरिक अस्पताल के टॉप फ्लोर पर दो कमरों को विभाग ने लैब के लिए तैयार किया है। इनमें मशीनें भी लगा दी गई हैं।
दिसंबर 2021 में बनी ः स्वास्थ्य विभाग ने कोरोना की दूसरी लहर के दौरान दिसंबर 2021 में इस लैब का निर्माण करवाया था। उसके बाद से वहीं पर टेस्ट करवाए जा रहे थे।
हालांकि कोरोना महामारी खत्म होने के बाद से लैब में जांच बंद थी। यहां अन्य बीमारियों के टेस्ट किए जा रहे थे, पड़ोसी जिलों में आ रहे कोरोना के केसों को देखते हुए लैब को फिर से चलने का विभाग ने निर्णय लिया है।
एक छत के नीचे स्वास्थ्य सुविधाएं
जिस प्रकार सरकार की ओर से मरीज को स्वास्थ्य सेवाएं एक स्थान पर वह एक छत के नीचे देने की बात कही गई है। उसी को ध्यान में रखते हुए आरटीपीसीआर लैब को कलायत से कैथल में शिफ्ट कर दिया गया है। फिलहाल लैब में जांच के लिए मरीज नहीं आ रहे हैं, लेकिन स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों का कहना है कि जैसे ही मरीज आना शुरू होंगे उसी के साथ टेस्टिंग की सुविधा शुरू कर दी जाएगी।
मरीजों को एक छत के नीचे स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध करवाने की दृष्टिगत यह लब कैथल में शिफ्ट की गई है। अब यहीं पर मरीजों की कोरोना जांच होगी और नागरिक अस्पताल में दाखिल होकर मरीज अपना इलाज करवा सकेंगे। इसके लिए अस्पताल में आइसोलेशन वार्ड, वेंटिलेटर व आईसीयू की भी व्यवस्था की है। -डॉ. रेनू चावला, सिविल सर्जन