संवाद न्यूज एजेंसी
कलायत। आस्था का केंद्र माने जाने वाला श्री कपिल मुनि तीर्थ इन दिनों गंदगी और अव्यवस्था से जूझ रहा है। तीर्थ परिसर में लगातार कूड़ा-करकट, पुराने घरेलू सामान और पॉलिथीन फेंके जाने से श्रद्धालुओं में रोष पनप रहा है। पवित्र स्थल कचरे के ढेर में तब्दील होता दिख रहा है, जिससे लोगों की धार्मिक भावनाएं आहत हो रही हैं।
स्थानीय निवासी नरेश वर्मा, राजेश, रवि, अशोक कुमार आदि ने आरोप लगाया कि असामाजिक तत्व जानबूझकर रात के अंधेरे का फायदा उठाकर तीर्थ में कचरा डालते हैं। लाखों रुपये की लागत से लगी हाई-मास्ट लाइट लंबे समय से खराब पड़ी है और सीसीटीवी कैमरों की भी व्यवस्था नहीं है, जिसके कारण ऐसे लोगों पर कोई अंकुश नहीं लग पा रहा।
गंदगी का सबसे गंभीर असर तीर्थ के जल पर पड़ा है। जल प्रदूषण के कारण पिछले कुछ वर्षों में तालाब में हजारों मछलियां मर चुकी हैं। स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट में भी इसकी मुख्य वजह पानी में गंदगी और ऑक्सीजन की कमी बताई गई थी। कमेटी सदस्यों ने प्रशासन से तुरंत प्रभावी कदम उठाने, गंदगी फैलाने वालों की पहचान कर कानूनी कार्रवाई करने और तीर्थ की स्वच्छता बहाल करने की मांग की है। उनकी प्रमुख मांग है कि तीर्थ परिसर में तुरंत सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएं और खराब पड़ी हाई-मास्ट लाइट को ठीक किया जाए।
इस संदर्भ में नगरपालिका सचिव पवन शर्मा ने बताया कि हाई-मास्ट लाइटों को ठीक करवाने के निर्देश दिए जा चुके हैं। साथ ही, तीर्थ में कूड़ा फेंकने वाले व्यक्तियों की पहचान कर नियम अनुसार कार्रवाई की जाएगी।