संवाद न्यूज एजेंसी
कलायत। शहर में दूषित पेयजल आपूर्ति से परेशान लोगों का गुस्सा सोमवार को फूट पड़ा। लगातार शिकायतों के बावजूद समस्या का समाधान नहीं होने पर युवाओं ने जन स्वास्थ्य उप मंडल कार्यालय के बाहर धरना-प्रदर्शन कर जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि एसडीएम अजय हुड्डा के निर्देशों के बावजूद भी संबंधित विभाग समस्या को गंभीरता से नहीं ले रहा।
प्रदर्शन का नेतृत्व यादवेंद्र राणा, राजबीर सिंह, राकेश राकू, जस्सी राणा, अजय कुमार और साहिल राणा सहित अन्य युवाओं ने किया। प्रदर्शनकारियों ने बताया कि जब वे अपनी शिकायत लेकर स्थानीय जल आपूर्ति विभाग कार्यालय पहुंचे, तो वहां कोई जिम्मेदार अधिकारी मौजूद नहीं मिला।
इसके बाद उन्हें जानकारी मिली कि जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के कनिष्ठ अभियंता रवि पूनिया उपमंडल मुख्यालय में आयोजित समाधान शिविर में मौजूद हैं। इसके बाद युवा टीम दूषित पानी की बोतलें लेकर सीधे समाधान शिविर पहुंची और वहां मौजूद जेई रवि पूनिया से जवाबतलबी करते हुए समस्या के समाधान की मांग की।
गंदे पानी से लोग हो रहे बीमार : यादवेंद्र राणा ने बताया कि बदबूदार, मटमैला और कीड़ों से युक्त पानी सप्लाई हो रहा है। दूषित पानी के कारण कई लोग बीमार भी हो चुके हैं। उन्होंने कहा कि बार-बार शिकायत दर्ज कराने के बावजूद प्रशासन की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई, जिससे लोगों को सड़कों पर उतरने के लिए मजबूर होना पड़ा।
जस्सी राणा ने बताया कि पानी में दुर्गंध, गंदगी और कई बार कीड़े तक पाए जा रहे हैं, जिससे लोगों के स्वास्थ्य पर गंभीर असर पड़ रहा है। प्रदर्शनकारियों ने मांग की कि पेयजल गुणवत्ता में सुधार किया जाए, पाइपलाइन की सफाई करवाई जाए और तब तक वैकल्पिक पेयजल व्यवस्था उपलब्ध कराई जाए।
विभाग ने मांगा 15 दिन का समय
जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के कनिष्ठ अभियंता रवि पूनिया ने बताया कि विभाग द्वारा समस्या के स्थायी समाधान के लिए प्रभावी कार्रवाई की जाएगी। पेयजल और सीवरेज से जुड़ी समस्याओं के निवारण के लिए उन्होंने 15 दिन का समय मांगा है। इस अवधि में टेंडर प्रक्रिया और अन्य विभागीय औपचारिकताएं पूरी कर आवश्यक कार्य शुरू किए जाएंगे।