संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। जिले में सरपट दौड़ रहे ओवरलोड वाहन चालक सड़कों पर लोगों की परेशानी बढ़ा रहे हैं। इन पर शिकंजा कसने के लिए टीमों का भी गठन किया गया लेकिन बावजूद इसके समस्या का समाधान नहीं हो रहा है। आरटीए विभाग ने इस साल चार महीने में करीब दो करोड़ रुपये का इन वाहनों पर जुर्माना भी लगाया पर हालात सुधर नहीं रहे।
हालंकि आरटीए विभाग का दावा है कि उन्होंने पिछले एक साल में इस पर काफी अंकुश लगाया है। दूसरी ओर लोगों का आरोप है कि ओवरलोड वाहन चालक सड़कों पर बिना किसी भय के लगातार अपने वाहन दौड़ाते अक्सर दिखते हैं। इनसे सड़कों पर हादसों का भय भी बना रहता है।
रात के समय ज्यादा निकलते हैं वाहन ः ओवरलोड वाहन चालक सड़कों पर अपने वाहनों को रात के समय दौड़ाते हैं। इस कारण सड़कों पर हादसों की संभावना अधिक रहती है।
आरटीए विभाग के सुपरवाइजर शीशपाल ने बताया कि पिछले कुछ महीने से ओवरलोड वाहन चालकों पर शिकंजा कसने के लिए लगातार योजना भी बनाई है। इसके तहत करीब एक करोड़ रुपये की जुर्माना भी वसूला किया गया है। टीमें लगातार इन्हें रोकने के लिए प्रयासरत हैं।
ज्यादातर वाहनों में होती हैं तूड़ी, पराली की गांठ
ज्यादातर ओवरलोड वाहनों और ट्रालियों में तूड़ी, पराली की गांठ, लकड़ी व अन्य सामान होता है और यह ट्रैक्टर ट्राली चालक अपने वाहन को सड़क के बिल्कुल बीच में चलाते हैं। इस कारण से पीछे सड़क पर वाहनों की कतार तक लग जा रही है।पीछे चलने वाले वाहनों का रास्ता नहीं मिल पाता है।