संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। डीसी अपराजिता ने बुधवार को विस्तार अनाज मंडी का दौरा कर गेहूं खरीद प्रक्रिया का जायजा लिया। उन्होंने मंडी परिसर में सड़कों की स्थिति का निरीक्षण करते हुए अधिकारियों को तुरंत मरम्मत और पैचवर्क कराने के निर्देश दिए, ताकि किसानों और वाहनों को किसी प्रकार की असुविधा न हो। साथ ही कंट्रोल रूम को उपयुक्त स्थान पर शिफ्ट करने के भी निर्देश दिए।
डीसी ने ढेरियों पर पहुंचकर नमी मापक यंत्र से गेहूं की नमी की जांच करवाई और कांटे पर एक बैग का वजन भी चेक किया। इसके बाद उन्होंने सुरक्षा व्यवस्थाओं की समीक्षा करते हुए मंडी के मुख्य गेट पर स्थापित कंट्रोल रूम का निरीक्षण किया और अतिरिक्त सीसीटीवी कैमरे लगाने के निर्देश दिए, ताकि निगरानी व्यवस्था और अधिक मजबूत हो सके।
उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता किसानों की फसल की समय पर खरीद, उठान और भुगतान सुनिश्चित करना है। इसी लक्ष्य को ध्यान में रखते हुए सभी विभाग आपसी समन्वय से कार्य करें और निर्धारित मानकों के अनुसार न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीद सुनिश्चित करें।
डीसी अपराजिता ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि मंडी में यातायात व्यवस्था सुचारू रखी जाए और तुलाई, साफ-सफाई, पेयजल, बिजली तथा किसानों के बैठने की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। खरीद प्रक्रिया के दौरान किसानों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं होनी चाहिए और सभी व्यवस्थाएं पूरी तरह दुरुस्त रहें।
उन्होंने कहा कि यदि मंडी में गेहूं की अधिक आवक होती है तो अधिकारी पहले से ही अतिरिक्त स्थान चिन्हित कर लें, ताकि भंडारण में कोई समस्या न आए और गेहूं खराब न हो। सुरक्षित भंडारण को प्राथमिकता दी जाए।
डीसी ने किसानों से अपील की कि वे अपनी फसल को अच्छी तरह सुखाकर ही मंडी में लाएं, ताकि नमी की समस्या से बचा जा सके और खरीद प्रक्रिया सुचारू बनी रहे। उन्होंने बताया कि अधिक नमी होने पर खरीद में देरी हो सकती है। निरीक्षण के दौरान डीएफएससी वरिंद्र सिंह, मंडी सचिव नरेंद्र ढुल, डीएमईओ अभिनव वालिया सहित विभिन्न खरीद एजेंसियों के अधिकारी मौजूद रहे।