कैथल। जिला एवं सत्र न्यायाधीश एमएम धौंचक ने नशीले पदार्थों की तस्करी के दो मामलों में अभियुक्तों को नशीले पदार्थ रखने का दोषी ठहराते हुए कठोर कारावास एवं जुर्माने की सजा सुनाई।
जिला सत्र न्यायाधीश ने बालू गांव की रापड़िया पट्टी निवासी राजकुमार उर्फ आलू पुत्र देवी चंद को 2 किलो 200 ग्राम चरस रखने का दोषी ठहराते हुए 11 वर्ष की कठोर कारावास तथा एक लाख रुपये जुर्माना की सजा सुनाई । जुर्माना अदा न करने की स्थिति में दोषी को एक वर्ष सामान्य कारावास की सजा भुगतनी होगी। अभियुक्त को 18 मार्च 2019 को पकड़ा गया था तथा व्यक्तिगत जांच के दौरान उससे उपरोक्त चरस पकड़ी गई। कलायत पुलिस थाना में एनडीपीएस की धारा 20 के तहत केस दर्ज किया गया।
दूसरे मामले में न्यायालय द्वारा प्रथम मामले में खरकां गांव डेरा बग्गा सिंह निवासी अमरीक सिंह पुत्र सरैना राम को एक किलो 410 ग्राम अफीम रखने का दोषी करार देते हुए उन्हें 5 वर्ष 6 माह के कठोर कारावास एवं 50 हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है। जुर्माना अदा न करने की स्थिति में दोषी व्यक्ति को 6 माह अतिरिक्त सामान्य कारावास की सजा भुगतनी होगी। रिपोर्ट के अनुसार पुलिस द्वारा अभियुक्त को 18 सितंबर 2017 को पकड़ा गया था तथा व्यक्तिगत जांच के दौरान एक किलो 410 ग्राम अफीम बरामद की गई थी। इस मामले का निपटारा 46 दिन में कर दिया गया। इन मामलों की पैरवी पब्लिक प्रोसिक्यूटर जनक राज ने की।