संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। नगर परिषद क्षेत्र में आवारा कुत्तों की बढ़ती संख्या लोगों के लिए बड़ी समस्या बन चुकी है। परिषद के सर्वे के मुताबिक शहर में करीब 4500 लावारिस कुत्ते हैं, जबकि हकीकत में यह संख्या पांच हजार से भी अधिक बताई जा रही है। बावजूद इसके, कुत्तों को पकड़ने का टेंडर लंबे समय से अधर में लटका हुआ है।
नतीजा यह है कि हर दिन नागरिक अस्पताल में कुत्तों के काटने के 15 से 20 केस पहुंच रहे हैं। शहरवासी आतंक में जी रहे हैं, लेकिन नगर परिषद की टेंडर प्रक्रिया सुस्त रफ्तार से आगे बढ़ रही है। अधिकारी दावा करते हैं कि एजेंसी खोजने की प्रक्रिया जारी है, पर अब तक ठोस नतीजा नहीं निकला।
टेंडर के बाद एजेंसी करेगी नसबंदी व इंजेक्शन प्रक्रिया ः नगर परिषद के अनुसार, जैसे ही किसी एजेंसी को ठेका दिया जाएगा, वह शहरभर में अभियान चलाकर कुत्तों को पकड़ेगी। इसके तहत नसबंदी की जाएगी ताकि इनकी संख्या न बढ़े। साथ ही दो इंजेक्शन लगाए जाएंगे, जिससे काटने पर संक्रमण या गंभीर बीमारी का खतरा कम हो सके। नगर परिषद की हालिया बैठक में भी यह मुद्दा उठा था। कई पार्षदों ने सदन में एजेंसी जल्द हायर करने की मांग की।
नगर परिषद डीएमसी कपिल शर्मा ने बताया कि अधिकारियों को कुत्ते पकड़ने का टेंडर जल्द कराने के निर्देश दिए गए हैं। “टेंडर प्रक्रिया चल रही है, जैसे ही फाइनल होगा, एजेंसी को जिम्मेदारी सौंपी जाएगी और अभियान शुरू किया जाएगा।
टांग पर काट लिया
भगत सिंह कॉलोनी निवासी राजिंद्र ने बताया कि वह 7 नवंबर को बाइक से घर लौट रहे थे। गली में पहुंचते ही कुत्तों के झुंड ने हमला बोल दिया और एक कुत्ते ने उनकी टांग पर काट लिया। पड़ोसियों ने बचाया।
बच्चे पर झपट पड़े
बालाजी कॉलोनी निवासी शमशेर सिंह ने बताया कि उनका बच्चा शाम को गली में खेल रहा था, तभी दो कुत्ते उस पर झपट पड़े। उन्होंने कहा कि मैं मौके पर था, पत्थर मारकर किसी तरह कुत्तों को भगाकर बचाया।
कलायत नगरपालिका के सर्वे में मिले 260 कुत्ते
कलायत। कलायत नगर में आवारा कुत्तों की बढ़ती संख्या को लेकर नगरपालिका ने सर्वे करवाया है। नगर पालिका सचिव पवन शर्मा ने बताया कि सर्वे के दौरान नगर क्षेत्र में 260 कुत्ते आवारा पाए गए, जबकि 40 कुत्ते पालतू निकले। उन्होंने कहा कि आवारा कुत्तों की नसबंदी (स्टरलाइजेशन) का अभियान शीघ्र शुरू किया जा रहा है। इसके लिए नगर पालिका द्वारा कुत्तों के बाधियाकरण और उनके लिए आश्रय गृह निर्माण की दिशा में कार्य किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि जब तक यह अभियान शुरू नहीं होता, तब तक नगरपालिका की ओर से आवारा कुत्तों पर नजर रखी जा रही है सीएचसी कलायत में पिछले माह 105 लोग कुत्तों के काटने की शिकायत लेकर पहुंचे थे।