कैथल। सिविल जज सीनियर डिवीजन डॉ. अमन इंदर सिंह की अदालत ने शैक्षणिक प्रमाणपत्रों में मां का नाम गलत दर्ज होने के मामले में छात्रा काजल के पक्ष में फैसला सुनाया है। अदालत ने हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड और संबंधित स्कूल को रिकॉर्ड में मां का सही नाम दर्ज करने और संशोधित प्रमाणपत्र जारी करने के आदेश दिए हैं। फैसला 25 सितंबर को सुनाया गया।
काजल ने अदालत में दायर याचिका में बताया था कि उसने वर्ष 2021 में माध्यमिक और वर्ष 2023 में वरिष्ठ माध्यमिक परीक्षा पास की थी। दोनों परीक्षाओं के प्रमाणपत्रों में उसकी मां का नाम कृष्णा की जगह अनीता दर्ज कर दिया गया। छात्रा के अनुसार यह गलती रिकॉर्ड में अनजाने में हुई थी। उसने संबंधित अधिकारियों से नाम ठीक करने का अनुरोध किया लेकिन उसकी मांग पूरी नहीं की गई।
‘कृष्णा’ नाम दर्ज कर नए प्रमाणपत्र जारी करने के आदेश : अदालत ने आदेश दिया कि शैक्षणिक रिकॉर्ड में मां का नाम अनीता के स्थान पर कृष्णा किया जाए। साथ ही बोर्ड और स्कूल को संशोधित रिकॉर्ड के आधार पर माध्यमिक और वरिष्ठ माध्यमिक के नए प्रमाणपत्र जारी करने के निर्देश दिए गए हैं। इसके लिए छात्रा को निर्धारित शुल्क जमा करना होगा।