चुनाव में ड्यूटी लगाने के लिए विभिन्न विभागाध्यक्षों द्वारा अपने कर्मचारियों की सूची देने में देरी करने पर डीसी ने अधिकारियों को फटकार लगाई। इसके बाद अधिकारियों ने तीन घंटे में सूची उपलब्ध करवा दी। लघु सचिवालय में आयोजित बैठक में डीसी ने कहा कि जो भी अधिकारी निर्वाचन आयोग के निर्देशों की पालना नहीं करेगा, उसके खिलाफ कार्रवाई होगी। उन्होंने कहा कि कई बार कहने के बावजूद कुछ सरकारी विभागों ने अभी तक अपने कर्मचारियों की सूची मुख्यालय में नहीं भेजी है। उन्होंने कहा कि बैठक की समाप्ति के बाद तीन घंटे के अंतराल में सभी विभाग जिन्होंने सूची नहीं भेजी है, अपनी सूची भेजना सुनिश्चित करें। इसके बाद अधिकारियों ने अपने-अपने विभागों की सूची उपलब्ध करवा दी।
वीडियो सर्विलेंस टीमें रखेंगी नजर
आयोग की वीडियो सर्विलेंस टीमें चुनावी खर्च की वीडियो रिकार्डिंग करेंगी। इस कार्य के लिए जिला स्तर पर तीन उड़न दस्ते तैनात किए गए हैं, जो प्रतिदिन रिपोर्ट देंगे। सभी विधानसभा क्षेत्रों पर एक सहायक व व्यय पर्यवेक्षक नियुक्त होगा। डीसी ने बताया कि लघु सचिवालय की दूसरी मंजिल पर स्थित सभाकक्ष में निर्वाचन नियंत्रण कक्ष स्थापित किया गया है, जहां से निर्वाचन संबंधी सभी जानकारियां उपलब्ध करवाई जा सकेंगी।
नोडल अधिकारियों की नियुक्ति
डीसी एनके सोलंकी द्वारा नियुक्त किए गए नोडल अधिकारियों में क्षेत्रीय परिवहन प्राधिकरण सचिव को यातायात प्रबंधन, सिंचाई विभाग के अधीक्षक अभियंता को पर्यवेक्षक, जिला राजस्व अधिकारी को हेल्पलाइन एवं शिकायत निवारण, आईटीओ को चुनाव खर्च का ब्योरा रखने, जिला सैनिक बोर्ड के सचिव को बैलेट पेपर, जिला सूचना एवं प्रौद्योगिकी अधिकारी को कंप्यूटरीकरण, एसएमएस सेवा, मैन पावर प्रबंधन, तहसीलदार को सामग्री प्रबंधन, नगर परिषद के कार्यकारी अभियंता को प्रशिक्षण प्रबंधन, लोक निर्माण विभाग के कार्यकारी अभियंता को मतगणना केंद्र स्थापित एवं रखरखाव, जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी को स्वीप हेतु, इलेक्ट्रानिक वोटिंग मशीन प्रबंधन के लिए कैथल के खंड विकास एवं पंचायत अधिकारी तथा मीडिया एवं जन संचार के लिए जिला सूचना एवं जनसंपर्क अधिकारी तथा संबंधित सहायक रिटर्निंग अधिकारी को मतदान केंद्रों पर मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध करवाने के लिए नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है।