कैथल। पुलिस ने नेशनल रूरल लाइवलीहुड मिशन में गड़बड़ी के आरोपों पर मिशन के पूर्व जिला प्रोजेक्ट मैनेजर, ब्लॉक मैनेजर, एक बैंक मैनेजर व एक कर्मचारी के खिलाफ धोखाधड़ी के आरोप में केस दर्ज कर लिया है। कई स्वयं सहायता समूहों में कार्यरत महिलाएं इसके लिए करीब डेढ़ साल से संघर्ष कर रही हैं।
डीएसपी की जांच के बाद सीवन थाने में दर्ज मामले के अनुसार स्वयं सहायता समूहों में र्कायरत महिलाओं जसबीर कौर, प्रवेश देवी, सचिव नगमा सहित अन्य ने पूर्व डीपीएम रजत भास्कर, बीपीएम रामफल शर्मा, पंजाब नेशनल बैंक के पूर्व मैनेजर सुनील कुमार व बैंक कर्मचारी संदीप कुमार के खिलाफ शिकायत दी थी। जिसमें उन्होंने आरोप लगाया था कि सोसायटी एक्ट 2012 के तहत रजिस्टर्ड सीवन ब्लॉक लेवल संगठन को महिलाओं द्वारा अपने हिसाब से चलाया जाना था। बीएलएफ में महिलाओं ने अपने पदाधिकारियों का सर्वसम्मति से बदलाव करके बैंक में हस्ताक्षर के लिए भेज दिया। लेकिन वहां बैंक मैनेजर सुनील कुमार व कर्मचारी संदीप कुमार ने 14 सितंबर 2020 से 25 सितंबर तक इस बदलाव को स्वीकृत करवाने के लिए चक्कर लगवाए।
इसके बाद भी बैंक खाते में उनके हस्ताक्षर नहीं बदले। उन्हें बार-बार परेशान करते रहे। शिकायत में कहा गया है कि उनके साथ दुर्व्यवहार किया गया। इसमें बीपीएन रामफल शर्मा और डीपीएम रजत भास्कर भी मिले हुए हैं। बैंक मैनेजर के कहने पर रामफल शर्मा बैंक में पहुंचे और पदाधिकारियों के बदलाव पर कहा कि यह सब उसकी मर्जी के बिना हुआ है, इसीलिए इसे न माना जाए। वह बैठकों के एजेंडे खुद ही बनाता और पदाधिकारियों पर धमका कर खाली चैक भी पास रखता था। वह महिलाओं को मानसिक रूप से परेशान करता है। सीवन संगठन में कर्मचारी महिलाओं की मर्जी के बिना ही सामान खरीदते हैं। बीपीएम रामफल शर्मा व डीपीएम रजत भास्कर की मंशा पर महिलाओं ने सवाल उठाए। इनके खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी। अब पुलिस ने चारों के खिलाफ धोखाधड़ी सहित साजिश रचने के आरोप में केस दर्ज कर लिया है।