राजौंद। नगर की मुख्य सड़कों पर घूम रहे बेसहारा गोवंश और दूसरे पशु हादसों का कारण बन रहे हैं। आलम यह है कि बेसहारा पशु दिन ढलने के साथ ही सड़कों पर जमा होना शुरू हो जाते हैं। इससे सड़कों पर आवाजाही बिल्कुल बंद हो जाती है।
रात के समय वाहन चालकों का सड़कों से गुजरना किसी खतरे से खाली नही होता। स्थानीय निवासी रामकुमार, बीरभान, सतपाल, भूषण, कुलदीप, श्याम सिंह, किशन लाल ने बताया कि रात के समय सभी गोवंश व आवारा पशु सड़कों के बीचों बीच बैठे होते हैं और सामने से आने वाले वाहन चालकों को दिखाई ही नहीं देते जिससे कई बार दुर्घटना का भी अंदेशा बना रहता है।
सड़कों और गलियों में घूम रहे पशुओं से निजात दिलाने के लिए प्रशासन को भी अवगत करवाया गया। लेकिन इस ओर कोई ध्यान नही दिया जा रहा। सड़क के बीचो बीच बैठे गोवंश व अन्य आवारा पशु से वाहन चालक तो क्या पैदल चलने वाले लोगों के लिए भी रास्ता नहीं बचता जब इन पशुओं को रास्ते से हटाने का का प्रयास किया जाता है तो वह मारने को आते हैं जिस से पीछा छुड़ाना भी कई बार मुश्किल हो जाता है।
इन लोगों ने कहा कि उन लोगों की विशेष तौर पर पहचान होनी चाहिए जो इन पशुओं को सड़कों पर खुला छोड़ जाते हैं। प्रशासन को उनके विरुद्ध कार्रवाई करनी चाहिए। लोगों ने प्रशासन से मांग करते हुए कहा कि सड़कों पर घूम रहे गो वंश व आवारा पशुओं पर रोक लगाई जाए।