संवाद न्यूज एजेंसी
गुहला-चीका। नगर पालिका चीका के पार्षदों ने शनिवार को कैथल में मुख्यमंत्री नायब सैनी से मुलाकात कर अपने वार्डों के विकास कार्य करवाने की मांग की। पार्षदों ने आरोप लगाया कि नगर पालिका में लोकतांत्रिक प्रक्रिया को ठप्प कर दिया गया है। पिछले 18 महीनों में चेयरपर्सन द्वारा एक भी हाउस मीटिंग नहीं बुलाई गई, जिससे आम जनसेवा के छोटे-छोटे कार्य भी ठप पड़े हैं।
दलवीर सीड़ा बोले: वार्ड नंबर 2 के पार्षद दलवीर सीड़ा ने कहा कि पालिका का करोड़ों रुपये का बजट केवल कागजों में खर्च हो रहा है, जबकि धरातल पर कोई विकास नजर नहीं आता। उन्होंने आरोप लगाया कि पार्षदों द्वारा चेयरपर्सन के खिलाफ विजिलेंस और अन्य सरकारी एजेंसियों में शिकायतें भी दर्ज करवाई गई हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि एक एसआईटी गठित कर इन शिकायतों की जांच कराई जाए।
मुख्यमंत्री ने दिया आश्वासन: कैथल दौरे पर आए मुख्यमंत्री नायब सैनी ने पार्षदों की बातें सुनने के बाद भरोसा दिलाया कि यदि शिकायत लिखित रूप में दी जाए, तो डीसी के माध्यम से जांच कराकर उचित कार्रवाई की जाएगी।
तिरंगा लाइटों में गड़बड़ी का आरोप: वार्ड नंबर 1 के पार्षद सुखबीर पहलवान ने आरोप लगाया कि नगर के चारों मार्गों पर तिरंगा लाइट लगाने में भारी अनियमितता हुई है। उन्होंने दावा किया कि हजारों लाइटों का बिल बनाया गया, जबकि मौके पर केवल 50 से 60 लाइटें ही लगी हैं।
भावनात्मक शिकायत: वार्ड नंबर 8 की पार्षद रेखा रानी ने कहा कि उन्होंने चेयरपर्सन को अपनी बहन माना, लेकिन चेयरपर्सन ने उनकी एक भी बात नहीं मानी और हमेशा उपेक्षा की।
जांच के लिए कमेटी गठन की मांग: पार्षद दलवीर सीड़ा ने मुख्यमंत्री से अनुरोध किया कि डीसी कैथल की अध्यक्षता में एक कमेटी गठित की जाए, जो वार्डों में अधूरे कार्यों की समीक्षा करे। इससे शहर की बदहाली की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
इस अवसर पर पार्षद काला पहलवान, तरसेम गोयल, जितेंद्र कुमार, रेखा रानी, पूनम रानी, राजेश ठाकुर, पार्षद प्रतिनिधि विजय गोयल, गुरदीप काली, ईश्वर रिंपी सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।
काम रोककर किया जा रहा पक्षपातः सीड़ा
पत्रकारों से बातचीत में पार्षद दलवीर सीड़ा ने आरोप लगाया कि चेयरपर्सन द्वारा जानबूझकर उनके वार्ड के जरूरी काम रोके जा रहे हैं। इसी तरह का व्यवहार अन्य विपक्षी पार्षदों के साथ भी किया जा रहा है, जिससे आम जनता को परेशानी झेलनी पड़ रही है।