कैथल। लघु सचिवालय में शुक्रवार को हरियाणा अनुसूचित जाति के आयोग के अध्यक्ष रविंद्र बलियाना ने 31 लोगों की शिकायतें सुनीं। इससे पहले उन्होंने अधिकारियों की बैठक भी ली। इसमें अध्यक्ष ने अधिकारियों को समस्याओं के समाधान के संदर्भ में सख्त आदेश दिए। साथ आदेश न मानने पर कार्रवाई की भी चेतावनी दी।
दोपहर 12 बजे शुरू हुई बैठक अपराह्न करीब तीन बजे तक रही जारी रही। मौके पर करीब 150 शिकायतें आई थीं पर महज 31 का ही निपटारा हो सका। वहीं, बैठक के दौरान मीडिया कर्मियों का प्रवेश निषेध रहा। जानकारी दी गई कि आयोग के अध्यक्ष रविंद्र बलियाना ने कहा कि हम सबका मकसद यही है कि कानून व्यवस्था के अनुरूप कार्य हो। यदि कोई शिकायत प्राप्त होती है तो नियमानुसार कार्रवाई बनती है तो
कार्रवाई की जाए व कोई भी अधिकारी लापरवाही न बरतें।
निर्देश दिए कि अनुसूचित जाति-जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम एक्ट के तहत जिन भी पीड़ितों की शिकायत दर्ज होती हैं तो उन्हें तुरंत कानून के तहत दी जाने वाली राहत राशि देना सुनिश्चित करें। बलियाना ने कहा कि सामाजिक समरसता बनाना हम सबका दायित्व है। किसी व्यक्ति के साथ यदि अन्याय होता है तो कानून के दायरे में रहकर जरूरी कार्रवाई करें, ताकि संबंधित व्यक्ति को न्याय मिल सके। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी संबंधित विभाग इस तरह के मामलों में पूरी गंभीरता से कार्य करें।
उन्होंने मामलों की सुनवाई करते हुए कहा कि हमें व्यवस्था बनानी है, बिगाड़नी नहीं। जैसे ही पुलिस विभाग की तरफ से केस दर्ज किया जाता है तो तुरंत उसकी सूचना कल्याण विभाग को दी जाए। इस कार्य में किसी भी प्रकार की कोताही नही होनी चाहिए। उन्होंने पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिए कि जो भी आदेश दिए गए हैं, उनका पालन करना सुनिश्चित करें।
इस मौके पर आयोग के उपाध्यक्ष विजेंद्र बडग़ुज्जर, रवि तारांवाली, मीना नरवाल, रतन लाल, डीसी जगदीश शर्मा, एसपी अभिषेक जोरवाल, सीटीएम कपिल कुमार, जिला कल्याण अधिकारी कमल कुमार, डीएसपी सुनील कुमार, उमेद सिंह, अमित, सज्जन कुमार, ललित आदि मौजूद रहे।