संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। भाजपा जिला महामंत्री रामपाल राणा पर उनके छोटे भाई रणदीप सिंह राणा ने खेत की जमीन पर जबरन कब्जा करने का गंभीर आरोप लगाया है। पाडला में उन्होंने कहा कि रामपाल राणा ने कुछ बाहरी लोगों को खेत में भेजकर कब्जे की कोशिश की, लेकिन समय रहते इसकी सूचना मिलते ही रणदीप अपने परिजनों व ग्रामीणों के साथ खेत पर पहुंच गया और डायल 112 पर पुलिस को सूचित किया।
सदर थाना पुलिस मौके पर पहुंची तो वहां बुलाए गए सभी लोग भाग निकले। खेत में खड़ा एक ट्रैक्टर पुलिस ने कब्जे में लेकर थाने ले जाया। मामला पाडला गांव का है, जहां बाहरी युवकों की मौजूदगी को लेकर ग्रामीणों में भी रोष देखा गया। यदि पुलिस समय पर नहीं पहुंचती, तो दोनों पक्षों में टकराव की आशंका जताई जा रही है।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, पहले डायल 112 की टीम पहुंची, उसके बाद सदर थाना प्रभारी सनेष कुमार खुद दल-बल के साथ मौके पर पहुंचे और स्थिति को संभाला। सदर थाना एसएचओ सनेष कुमार ने बताया कि सूचना पर पुलिस टीम मौके पर पहुंच गई थी। यह दो भाइयों के बीच जमीन को लेकर पुराना विवाद है। पूर्व में भी दोनों पक्षों ने एक-दूसरे के खिलाफ शिकायतें दी थीं। दोनों को थाने बुलाया गया है, फिलहाल किसी पक्ष ने लिखित शिकायत नहीं दी है। उन्होंने कहा कि यदि शिकायत मिलती है तो कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
रणदीप राणा के आरोप
रणदीप राणा ने कहा कि रामपाल राणा भाजपा नेता होने की धौंस दिखाकर प्रशासन पर दबाव बनाता है। उन्होंने दावा किया कि इससे पहले भी रामपाल ने उन पर झूठा सड़क हादसे का केस दर्ज करवाया था, जिसमें जांच के बाद वह निर्दोष पाए गए थे।
रणदीप ने बताया कि विवादित जमीन पर पहले से ट्यूबवेल और पाइपलाइन भी मौजूद है। रणदीप ने यह भी कहा कि उन्होंने कुछ जमीन से मिट्टी बेची थी और वह उसका हिसाब देने को तैयार हैं, लेकिन रामपाल बातचीत को तैयार नहीं है। रणदीप राणा ने कहा कि वे चार भाई हैं और उनके पास करीब 64 एकड़ जमीन है। इसके बावजूद जमीन के एक टुकड़े पर उनका आपसी विवाद है। कुछ जमीन बाद में भी खरीदी गई है।
रामपाल का जवाब
रामपाल राणा ने आरोपों से इन्कार करते हुए कहा कि उन्होंने रणदीप को उसके हिस्से की जमीन समुचित रूप से सौंप दी थी, रास्ता भी दिया गया है। बावजूद इसके रणदीप ने उनकी जमीन से अवैध रूप से मिट्टी उठाकर बेच दी। उन्होंने बताया कि इस मामले को लेकर ग्राम पंचायत स्तर पर चार बार निर्णय हो चुके हैं, लेकिन रणदीप उन्हें नहीं मान रहा। अब मामला बर्दाश्त की सीमा से बाहर हो चुका है।
करीब 20 साल पहले हो चुका है बंटवारा
रणदीप राणा ने बताया कि खेतों का बंटवारा करीब 20 वर्ष पहले हो चुका है। यहां पर 10 एकड़ में वह और 6 एकड़ रामपाल राणा फसल उगाते हैं। आरोप है कि रामपाल उसकी जमीन पर कब्जा करना चाहता है, जिसके लिए आज बाहर से कुछ लोगों को बुलाया गया। खेती की जमीन पर बाहरी लोगों को देखकर उसने इसकी जानकारी पुलिस को दे दी।