कैथल। राष्ट्रीय तंबाकू नियंत्रण कार्यक्रम (एनटीसीपी) के तहत डीसी अपराजिता की अध्यक्षता में जिला स्तरीय समन्वय समिति की बैठक आयोजित की गई। जिसमें एनटीसीपी के प्रभावी क्रियान्वयन और कोटपा अधिनियम 2003 के तहत कड़ी कार्रवाई के निर्देश जारी किए गए। बैठक में स्पष्ट किया गया कि सार्वजनिक स्थानों पर धूम्रपान करने वालों, हुक्का सेवन को बढ़ावा देने वालों और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ चालान कर सख्ती से कार्रवाई की जाए। इसके साथ ही जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएं।
डीसी अपराजिता ने निर्देश दिए कि सभी सरकारी कार्यालयों में तंबाकू मुक्त क्षेत्र के साइन बोर्ड अनिवार्य रूप से लगाए जाएं। कार्यालय परिसर में धूम्रपान करने वाले कर्मचारियों और आम लोगों पर जुर्माना लगाया जाएगा। इसी प्रकार शिक्षा विभाग को भी निर्देश दिए गए कि सभी सरकारी व निजी स्कूलों में तंबाकू मुक्त शिक्षण संस्थान की गाइडलाइन का कड़ाई से पालन सुनिश्चित किया जाए। इस अवसर पर डीएमसी कपिल शर्मा, डीएसपी सुशील प्रकाश, सिविल सर्जन डाॅ. रेणु चावला, मुख्यमंत्री सुशासन सहयोगी दिव्यता, जिला शिक्षा अधिकारी सुभाष, डीआईपीआरओ नसीब सैनी मौजूद रहे।
सिविल सर्जन को निर्देश दिए कि वे चालान रिपोर्टिंग और विभागों के बीच समन्वय का कार्य संभालेंगे। पुलिस विभाग को निर्देश दिए गए कि वाहनों पर हुक्का दर्शाने वाले स्टिकर लगाने वालों के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जाए, साथ ही सार्वजनिक स्थानों पर धूम्रपान करने वालों पर लगातार निगरानी रखी जाए और उल्लंघन करने वालों के चालान काटे जाएं। खाद्य सुरक्षा एवं ड्रग कंट्रोल विभाग को निर्देश दिए कि वे नियमानुसार खुले सिगरेट की बिक्री और प्रतिबंधित गुटखा व अन्य तंबाकू उत्पादों की बिक्री पर पूर्ण रोक सुनिश्चित करें। ग्रामीण क्षेत्रों में पंचायतों के माध्यम से जागरूकता अभियान चलाने पर जोर दिया गया। पंचायत बैठकों और सरकारी संस्थानों में तंबाकू उपयोग पर प्रतिबंध लागू करने तथा गांवों को तंबाकू मुक्त बनाने की दिशा में कदम उठाने के निर्देश दिए गए।