संवाद न्यूज एजेंसी
गुहला चीका। साल 2018 में चीका के गांव पीडल से लेकर पटियाला रोड़ पर स्थित गांव टटियाना तक बाईपास मंजूर हुआ था। इससे लोगों की उम्मीद बंधी थी कि अब शहर में भारी भरकम वाहनों की भीड़ कम होगी और उन्हें जाम से निजात मिल जाएगी लेकिन छह साल बीतने के बावजूद आज तक बाईपास का काम शुरू नहीं हो सका है। दरअसल, अधिगृहीत की गई जमीन की विभाग रजिस्ट्रियां नहीं करवा पाया है।
कैथल की तरफ से पंजाब के शहर पटियाला, समाना, संगरूर, भवानीगढ़ व अन्य शहरों की तरफ जाने वाले भारी भरकम ट्रक चीका शहर के बीच से होकर गुजरते हैं। इसी प्रकार से दिल्ली पानीपत, करनाल, कुरुक्षेत्र से पेहवा होकर पंजाब की तरफ जाने वाले भारी वाहन भी चीका शहर के बीचों बीच बने शहीद उधम सिंह चौक से गुजरते हैं।
जब से खनौरी व शंभू बॉर्डर पर किसानों धरना शुरू हुआ है तब से राजस्थान व दिल्ली से पंजाब की तरफ आने जाने वाले अधिकतर वाहन इसी मार्ग से होकर गुजरते हें जिसके चलते इन दोनों मार्गों पर वाहनों की संख्या कई गुना बढ़ गई है। चीका के लिए बाईपास मंजूर होने से शहर वासियों को उम्मीद बंधी थी कि जहां उन्हें ट्रैफिक जाम से मुक्ति मिलेगी वहीं बाईपास पर राइस मिल व दूसरे उद्योग धंधे लगाएंगे लेकिन चीका क्षेत्र के लोगों की ये उम्मीदें फिलहाल धूमिल हैं।
चीका वासी अशोक गर्ग, बलजीत सिंह नंडा, मंगत राम संधू, डॉ. सतीश मित्तल, संजीव जिंदल, नरेश जैन, पवन कुमार धीमान ने सरकार से मांग की है कि जमीन की रजिस्ट्रियां जल्द करवा बाईपास का निर्माण कार्य शुरू करवाया जाए
चीका के कैथल रोड से पटियाला रोड़ तक बनने वाले बाईपास के लिए 60 एकड़ भूमि अधिगृहीत की जानी है। इसके लिए सरकार ने साल 2018 में 45 करोड़ रुपये की राशि मंजूर की थी, लेकिन स्थानीय नेताओं, अधिकारियों के ढुलमुल रवैये के चलते रजिस्ट्रियों का काम छह साल में भी पूरा नहीं हो सका है।
बाईपास का निर्माण कार्य जल्द होगा शुरू : बाजीगर
गुहला के पूर्व विधायक कुलवंत बाजीगर ने कहा कि चीका के लिए बाईपास की घोषणा उनकी पहल पर मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने 24 अक्तूबर 2018 को की थी। उन्होंने कहा कि बाईपास के निर्माण कार्य के लिए मैं जल्द ही मुख्यमंत्री नायब सैनी से मिलूंगा। चीका वासियों को जल्द बाईपास दिलाना मेरा पहला प्रयास रहेगा।
बाईपास के लिए अधिगृहीत की गई भूमि की 90 प्रतिशत रजिस्ट्रियों का काम पूरा कर लिया गया है। कुछ लोगों के पारिवारिक झगड़े व कुछ के बैंक लोन क्लीयर ना होने के चलते 10 प्रतिशत रजिस्ट्रियों का काम रुका हुआ है। जैसे ही रजिस्ट्रियों का काम पूरा होता है उसके बाद विभाग की तरफ से 15 दिनों में निविदा लगा की दी जाएगी। -वरुण कंसल, एक्सईएन, पीडब्ल्यूडी विभाग कैथल।