संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। अखिल भारतीय साहित्य परिषद की कैथल इकाई के अध्यक्ष डाॅ. तेजिंद्र ने गुरुग्राम में हुई प्रांतीय बैठक में हिस्सा लिया। इसमें प्रांत और जिला स्तर पर साहित्यकारों को सम्मानित करने और परिषद से युवाओं को जोड़ने की वकालत की गई।
परिषद की प्रांत उपाध्यक्ष विभु कालड़ा के संयोजन में आयोजित इस प्रांत बैठक में राष्ट्रीय सह संगठन मंत्री मनोज और यमुनानगर से आमंत्रित भूपेश अरोड़ा ने विशेष रूप से भाग लिया। इस विशेष प्रांतीय बैठक में प्रांत मार्गदर्शक डाॅ. शिवकुमार खंडेलवाल और पूर्णमल गौड़ का सानिध्य मिला।
बैठक की अध्यक्षता परिषद के प्रांत अध्यक्ष प्रो. सारस्वत मोहन मनीषी ने की। संचालन डाॅ. मनोज भारत ने किया। बैठक का शुभारंभ मां सरस्वती की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित करके किया गया। परिषद के प्रांत संगठन मंत्री डाॅ. जगदीप शर्मा राही ने सरस्वती -वंदना की और रेवाड़ी की मोनिका शर्मा ने परिषद गीत का गायन किया।
कैथल इकाई के अध्यक्ष डाॅ. तेजिंद्र और जिला महामंत्री सतपाल पराशर आनंद ने कैथल इकाई की ओर से गत तीन वर्षों में इकाई की ओर से की गई गतिविधियों की जानकारी बैठक में दी। बैठक में गत 31 मार्च 2024 को गुरुग्राम में हुई पूर्व बैठक की पुष्टि की गई।
बैठक में प्रांत स्तर पर परिषद का पुस्तकालय स्थापित करने, छत्रपति शिवाजी, महर्षि दयानंद और भगवान महावीर से जुड़े दिन इकाई स्तर पर मनाए जाने, प्रांत और जिला स्तर पर साहित्यकारों को सम्मानित करने की बात कही गई। राष्ट्रीय सह संगठन मंत्री मनोज ने प्रतिवर्ष सर्वभाषा दिवस और विश्व मातृ दिवस पर कार्यक्रम आयोजित करने, इकाई स्तर पर पाठक मंच स्थापित करने और 18 से 25 आयु वर्ग के युवाओं को परिषद से जोड़ने का सुझाव दिया।
बैठक के दौरान अध्यक्ष के रूप में बोलते हुए प्रोफेसर सारस्वत मोहन मनीषी ने अपनी ओर से प्रत्येक वर्ष प्रांत स्तर परिषद से जुड़ी महिला साहित्यकार को 11 हज़ार की धनराशि से सम्मानित करने की घोषणा की। इस मौके पर प्रांत संगठन मंत्री डाॅ. जगदीप शर्मा राही के धन्यवाद ज्ञापन के साथ इस विशेष प्रांतीय बैठक का समापन हुआ।