संवाद न्यूज एजेंसी
गुहला-चीका/सीवन (कैथल)। एसडीएम कैप्टन प्रमेश सिंह के नेतृत्व में खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने कांगथली स्थित ‘सिंगला ट्रेडर्स’ नामक पनीर बनाने वाली फैक्टरी पर छापा मारा। निरीक्षण के दौरान टीम ने फैक्टरी से मिले पनीर की जांच की पनीर खाने में सही न पाए जाने पर टीम ने 21 क्विंटल 25 किलो पनीर जब्त कर मौके पर ही नष्ट करवा दिया। पनीर के साथ ही घी और दूध के भी नमूने लिए।
एसडीएम कैप्टन प्रमेश सिंह ने कहा कि नकली पनीर स्वास्थ्य के लिए अत्यंत हानिकारक होता है, जिससे शरीर को गंभीर नुकसान पहुंच सकता है। उन्होंने लोगों से कहा कि वे पनीर और दूध जैसी चीजों में मिलावट की पहचान करें और यदि संदिग्ध खाद्य पदार्थ मिलें तो तत्काल प्रशासन को सूचित करें।
खाद्य सुरक्षा अधिकारी डॉ. पवन चहल ने बताया कि टीम के सदस्यों जब पनीर को खाकर देखा तो वह खाने में सही नहीं पाया गया। इस पर उन्होंने मौके पर ही 21 क्विंटल 25 किलो पनीर को जब्त कर उसे तुरंत नष्ट करवाया।
टीम ने फैक्टरी से पनीर, घी और दूध के चार सैंपल लिए हैं- एक पनीर का, एक घी का और दो दूध के, जिन्हें लैब में जांच के लिए भेजा गया है। यदि सैंपल खाद्य सुरक्षा मानकों पर खरे नहीं उतरते हैं, तो फैक्ट्री के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने कहा कि खाद्य सुरक्षा विभाग समय-समय पर छापेमारी करता रहता है। मिलावट करने वाले दुकानदारों या उन फैक्ट्रियों के खिलाफ जहां सैंपल असंगत पाए जाते हैं, कड़ी कार्रवाई अमल में लाई जाती है।
असली-नकली पनीर में अंतर
असली और नकली पनीर में एक सामान्य अंतर होता है। सामान्य अंतर इसका मुलायम होना होता है, यानि असली पनीर मुलायम होता है। अगर पनीर टाइट निकले, तो मान लेना चाहिए कि ये मिलावटी पनीर है। टाइट पनीर खाते समय रबड़ की तरह खिंचता है।
आयोडीन टिंचर से करें पहचान
पनीर को पानी के साथ एक पैन में डाल लें और 5 मिनट तक उबालें। इसके बाद कुछ बूंदें आयोडीन टिंचर की डालें। यद अगर पनीर का रंग नीला पड़ गया तो समझ लीजिए कि पनीर नकली है। असली पनीर की गंध ताज़ा होती है और इसका स्वाद दूधिया होता है। नकली पनीर में अक्सर कोई गंध नहीं होती या इसका स्वाद अजीब तरह से चिकना दिखता है ।