महिलाओं को सालों तक अत्याचार को नहीं छिपाना चाहिए : इंद्रेश कुमार
मीटू कैंपेन पर आरएसएस नेता ने कहा- निष्पक्ष जांच करवाए सरकार
फोटो संख्या-23
अमर उजाला ब्यूरो
कैथल। देश में लगातार हो रहे मीटू कैंपेन के खुलासों पर राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के वरिष्ठ नेता इंद्रेश कुमार ने कहा कि सालों तक किसी भी महिला को अपने साथ हुए अत्याचार को छिपाना नहीं चाहिए। दूरभाष पर जारी बयान में इंद्रेश ने कहा कि भारत नारी को सम्मान और सुरक्षा करने वाला देश है। यहां नारी को मां, बहन और बेटी के रूप में देखा जाता है। मीटू कैंपेन के अंतर्गत जो भी घटनाएं सामने आईं, वे ज्यादातर कांग्रेस की सरकार के दौरान घटित हुई। क्या इन नारियों को कांग्रेस के राज में इंसाफ पाने का भरोसा नहीं था?
पीड़ित नारियों, जिन्होंने इस अभियान का सहारा लिया, को इतनी देर तक यह अत्याचार छिपाना नहीं चाहिए था और ऐसी घटनाओं को पुलिस और न्यायपालिका में रिपोर्ट करनी चाहिए थी। दशकों से तीन तलाक पीड़ित मुस्लिम महिलाओं को वर्तमान सरकार ने ही कानून बना कर न्याय दिलाने का प्रयास किया है। उन्होंने पीड़ित महिलाओं से ये अपील की कि वे लंबा अत्याचार न सहें, जल्द से जल्द कानून की मदद लें।
कांग्रेस सरकार ने अपने शासनकाल में मीडिया का दुरुपयोग करके भगवा-आतंकवाद के नाम पर कई निर्दोषों पर अन्याय और अत्याचार किए। स्वयं उन्हें भी इन झूठे आरोपों में फसाने का प्रयास किया गया, लेकिन अंतत: सत्य जीता और सभी आरोप झूठे साबित हुए।
इंद्रेश कुमार ने कहा कि मीडिया से यह अपील है कि विपक्ष द्वारा बनाए गए झूठे ट्रैप में दोबारा न फंसे और कांग्रेस सरकार को भगवा आतंकवाद के नाम में किए गए अत्याचार के लिए पूरे राष्ट्र से माफी मांगनी चाहिए। सरकार भी मीटू कैंपेन पर लगे आरोपों की निष्पक्षता से जांच करवाए। और दोषी पाए जाने पर सख्त कार्रवाई करे। जिन जिन लोगों पर आरोप लगे हैं उन्हें आगे आकर इन आरोपों का सामना करना चाहिए। राजनीतिक दलों को चाहिए कि इस संवेदनशील विषय पर राजनीति न करें।