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गढ़ी थाना पुलिस की कार्यशैली फिर विवादों में

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परिजनों से बातचीत करते गढ़ी थाना प्रभारी डॉ. सुनील कुमार। - फोटो : Jind
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गढ़ी थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले पदार्थखेड़ा गांव निवासी 24 वर्षीय युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। वहीं परिजनों ने चोरी के मामले में पुलिस पर युवक की पिटाई के आरोप लगाए हैं। इसके चलते परिजनों ने शनिवार सुबह गढ़ी थाना के बाहर हंगामा किया। हालांकि पुलिस इस प्रकार के आरोपों से नकार रही है। इससे एक बार फिर गढ़ी थाना पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठ रहे हैं। दस दिन पहले धनौरी गांव में पुलिस पर प्रताड़ना के आरोप लगाकर पूरे परिवार द्वारा आत्महत्या कर ली थी।
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पदार्थ खेड़ा के लोगों ने शनिवार सुबह ही गढ़ी थाना के बाहर नारेबाजी शुरू कर दी। परिजनों ने आरोप लगाया कि पुलिस की पिटाई के चलते गांव निवासी 24 वर्षीय युवक गुरतार की मौत हुई है। परिजनों ने युवक को प्रताड़ित करने वाले पुलिसकर्मी को निलंबित करने, आर्थिक सहायता देने, आरोपी व्यक्ति के खिलाफ केस दर्ज करने व मामले की जांच एसपी से करवाने की मांग की है। परिजनों ने नागरिक अस्पताल में धरना शुरू कर दिया। वहीं गढ़ी थाना पुलिस ने युवक की पिटाई किए जाने की बात को सिरे से नकार रही है। हालांकि इस मामले में गढ़ी थाना पुलिस ने मृतक के भाई जगतार की शिकायत पर गांव पदार्थखेड़ा निवासी काला नामक व्यक्ति के खिलाफ केस दर्ज किया है।
पुलिस व परिजनों के बीच हुई झड़प
शनिवार सुबह जब पुलिस कागजी कार्रवाई कर रही थी तो परिजनों व एक पुलिस कर्मचारी इकबाल सिंह के बीच झड़प हो गई। परिजनों का आरोप है कि आरोपी काला व इकबाल आपस में मिले हुए हैं इसके कारण पोस्टमार्टम कार्रवाई बीच में ही रुक गई लेकिन पुलिस ने मृतक भाई के द्वारा दिए बयान के आधार पर मामला दर्ज कर लिया है।
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नहीं हो सका पोस्टमार्टम
पूरे मामले में पोस्टमार्टम कार्रवाई नहीं हुई और परिजनों ने विरोध के बाद नागरिक अस्पताल में धरना शुरू कर दिया। धरने की सूचना मिलने के बाद नरवाना से जजपा विधायक रामनिवास सुरजाखेड़ा नागरिक अस्पताल पहुंचे और परिवार को सांत्वना दी। विधायक ने आश्वासन दिया है कि मामले में निष्पक्ष कार्रवाई करवाई जाएगी।
यह है विवाद
29 दिसंबर को गढ़ी थाना पुलिस ने बिजली केबल व मोटर चोरी के मामले में पदार्थखेड़ा निवासी गुरतार, दर्शन, रणधीर, बलकार व काला को पूछताछ के लिए बुलाया था। पुलिस का कहना है कि पूछताछ के बाद उन्हें छोड़ दिया गया। परिजनों का आरोप है कि एक पुलिस कर्मचारी ने गुरतार की पिटाई की। 30 दिसंबर को गुरतार को गांव का ही काला अपने साथ ले गया। काला ने ही केस दर्ज करवाया था। आरोप है कि काला ने गुरतार को धमकाया और उसके साथ मारपीट की। इसके बाद गुरतार कीतबीयत बिगड़ गई। इसके बाद अग्रोहा मेडिकल कॉलेज में गुरतार की मौत हो गई। वहीं रणजीत नामक युवक ने भी आरोप लगाया कि उसे भी बेवजह डेढ़ घंटे तक थाना में बैठा कर रखा गया और थर्ड डिग्री दी गई।
नहीं हुई किसी से मारपीट
शनिवार सुबह सात बजे जब मैं सो कर उठा तो थाने के बाहर नारेबाजी हो रही थी। एंबुलेंस में शव रखा था। गुरतार के परिजनों ने काला नाम के व्यक्ति पर आरोप लगाए। गुरतार को पुलिस द्वारा टार्चर नहीं किया गया। युवक की मौत अग्रोहा मेडिकल में हुई है। नागरिक अस्पताल में पोस्टमार्टम कार्रवाई की जा रही थी लेकिन परिजनों ने पुलिस कर्मचारी इकबाल पर हमला कर दिया। इकबाल को मौके से भागना पड़ा। इसके बाद पोस्टमार्टम कार्रवाई रुक गई, लेकिन मृतक के भाई जगतार के बयान पर पदार्थ खेड़ा निवासी काला के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस ने गुरतार को प्रताड़ित नहीं किया।
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-डॉ. सुनील कुमार, गढ़ी थाना प्रभारीगढ़ी।
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