जींद। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण यशवीर सिंह राठौर के निर्देशानुसार एडीआर के सभागार में शुक्रवार को विधवा अनुदान योजना विषय पर कार्यशाला का आयोजन किया गया। इसकी अध्यक्षता मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी व सचिव मोनिका ने की।
उन्होंने बताया कि सरकार की तरफ से महिलाओं को सशक्त, स्वावलंबी और आत्मनिर्भर बनाने के लिए विभिन्न योजनाएं चलाई जा रही हैं। महिला सशक्तिकरण की दिशा में विधवा अनुदान योजना शुरू की गई है, जिसके तहत विधवा महिलाओं को तीन लाख रुपए तक का ऋण बैंक के माध्यम से उपलब्ध कराया जाता है।
इस योजना के तहत बैंक ऋण पर लगे ब्याज की प्रतिपूर्ति हरियाणा महिला विकास निगम की ओर से वहन की जाएगी। इसके अलावा विभिन्न विभागों के अधिकारियों की ओर से जानकारी दी गई। उन्होंने बताया कि नालसा हेल्पलाइन नंबर 15100 पर घर बैठे किसी भी प्रकार की कानूनी जानकारी प्राप्त की जा सकती है।
कार्यशाला में दी अधिकारों की जानकारी
पैनल अधिवक्ता देवराज मलिक ने महिलाओं के कार्यस्थल पर यौन उत्पीडऩ, उनकी गरिमा का सम्मान, छेड़छाड़ और बदमाशी जैसे विषयों पर जानकारी दी। इसके अलावा विवाह, जुवेनाइल जस्टिस एक्ट, पॉक्सो एक्ट के बारे में आशा वर्कर व आंगनबाड़ी वर्कर को जानकारी दी।