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Jind News: जुलाना में दो ब्लैक स्पॉट, रोज हो रहे हादसे, प्रशासन बेखबर

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21जेएनडी06: जुलाना में सोनिया स्कू ल के पास बना ब्लैक स्पॉट। संवाद
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कर्मवीर
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जुलाना। जुलाना में एनएच 352 पर दो ब्लैक स्पॉट हैं। यहां पर वाहन चालकों को जान जोखिम में डालकर सड़क पार करने पर मजबूर होना पड़ रहा है। रोजाना सड़क हादसे हो रहे हैं, लेकिन कोई भी समाधान प्रशासन नहीं करवा पा रहा। इन दोनों स्थानों पर पिछले दो साल में सात लोगों की जान जा चुकी है तो चार बाइक सवारों की की टांग टूट चुकी है। कई बार बाइक और कार चालक घायल भी हो चुके हैं।

इन ब्लैक स्पॉट को खत्म करने के लिए प्रशासन का इसकी तरफ कोई ध्यान नहीं है। कस्बे के आंतरिक सड़क को एनएच 352 से जोड़ने के लिए जो सड़क बनाई गई है। वहां पर रोजाना सड़क हादसे हो रहे हैं। जुलाना में एक मोड़ सोनिया स्कूल के पास है तो दूसरा ब्राह्मणवास गांव के पास है। दोनों को दुर्घटना के लिहाज से ब्लैक स्पॉट माना जा रहा है। जींद से जुलाना की तरफ जाने वाले वाहन चालकों को जीवन संकट में डालकर सड़क पार करनी पड़ती है तो जुलाना से रोहतक की तरफ जाने वाले वाहन चालकों को ब्राहमणवास गांव के पास मोड़ पर परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। दोनों स्थानों पर कई वाहन चालकों की जान चली गई तो दर्जनों घायल भी हो चुके हैं। दोनों जगह न तो स्पीड ब्रेकर बनाए गए हैं और न ही कोई बत्ती लगाई गई है।
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ज्यादात्तर बाइक चालक हुए दुर्घटनाग्रस्त

जुलाना में दोनों संभावित दुर्घटना क्षेत्रों की बात की जाए तो दोनों जगह ज्यादात्तर बाइक चालक ही दुर्घटना का शिकार हुए हैं। पोली गांव निवासी विजयपाल और उमेश की बाइक को एक वाहन चालक ने टक्कर मारी थी। इसमें दोनों की मौके पर मौत हो गई थी। बुढ़ाखेड़ा लाठर गांव निवासी बाइक सवार राकेश व अजमेर की भी सडक़ पार करते समय वाहन की चपेट में आने से मौत हुई थी। कुछ माह पहले बराड़ खेड़ा गांव निवासी शमशेर की बाइक भी अज्ञात वाहन की चपेट में आई थी। इससे शमशेर की मौत हो गई थी। कार सवार नरवाना निवासी दो युवकों की भी मौत भी इसी स्थान पर हुई थी। इसके अलावा इन दोनों प्वाइंटों पर चार बाइक सवारों की टांग भी टूट चुकी है।

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यह है समाधान

बने अंडरपास या लगे रेड लाइट

जुलाना में दो स्थान ऐसे हैं, जहां पर लोगों को गलत इंजीनियरिंग का शिकार होना पड़ रहा है। दोनों जगह पर होने वाले हादसों से बचने के लिए या तो अंडरपास बनाया जाए या फिर रेड लाइट लगाकर पुलिसकर्मियों को तैनात किया जाए, ताकि हो रहे हादसों से बचा जा सके। आंतरिक सडक़ पर स्पीड ब्रेकर बनाया जाए।
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बनाए जाएंगे ब्रेकर

सड़क पर जब लेयर बिछाई जाएगी तो उस समय ब्रेकर बनाए जाएंगे। यह मुख्य मार्ग एनएचएआई के अधीन है। यहां पर अंडरपास बनाने का काम वही विभाग करेगा। दिल्ली संगरूर नेशनल हाईवे पर अगर रेड लाइट की जरूरत है तो इसके लिए डीसी को पत्र लिखकर मंजूरी लेनी होगी। वाहनों की गति को कम करने के लिए विभाग की तरफ से स्पीड ब्रेकर बनवा दिए जाएंगे, ताकि यहां पर होने वाले हादसों को रोका जा सके।

-राजकुमार नैन, एक्सईएन, पीडब्ल्यूडी बीएंडआर, जींद।
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