जींद। नागरिक अस्पताल में मरीजों की ऑपरेशन प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के लिए नए नियम लागू किए गए हैं। अब जिन मरीजों के ऑपरेशन होने हैं। उनकी सूची एक दिन पहले तैयार की जाएगी। इस सूची में शामिल सभी मरीजों का ऑपरेशन अनिवार्य रूप से किया जाएगा
इसमें किसी भी मरीज का ऑपरेशन टाला नहीं जाएगा। अगर गंभीर हालात में कोई नया मरीज आता है तो उसको भी शामिल किया जा सकेगा। यह कदम इसलिए उठाया गया है ताकि चिकित्सकों द्वारा अपनी मर्जी से ऑपरेशन करने की अनियमितताओं पर रोक लग सके और मरीजों को समय पर उपचार मिले।
पहले ऑपरेशन की प्रक्रिया में पारदर्शिता की कमी थी। कई बार चिकित्सक अपनी सुविधा या अन्य कारणों से कुछ मरीजों के ऑपरेशन टाल देते थे। इससे मरीजों को लंबा इंतजार करना पड़ता था। इस अनियमितता की शिकायतें मिलने के बाद सिविल सर्जन ने नए दिशा-निर्देश लागू किए।
अब हर दिन ऑपरेशन की सूची एक दिन पहले तैयार की जाएगी जिसमें मरीजों के नाम, ऑपरेशन का प्रकार और समय स्पष्ट रूप से दर्ज होगा। सूची में नाम आने के बाद मरीज का ऑपरेशन अनिवार्य होगा और इसे टालने की अनुमति नहीं होगी सिवाय इसके कि मरीज की मेडिकल स्थिति इसे असंभव बनाए।
मरीजों को मिलेगा समान अवसर
नए नियमों से ऑपरेशन थिएटर का उपयोग अधिक व्यवस्थित होगा। पहले कुछ मरीजों को प्राथमिकता देने के कारण अन्य मरीजों को इंतजार करना पड़ता था लेकिन अब सूची के आधार पर सभी मरीजों को समान अवसर मिलेगा। यह कदम मरीजों के हित में है और चिकित्सकों पर भी अनुशासन लागू करेगा।
नोटिस बोर्ड पर लगेगी सूची
ऑपरेशन की सूची को अस्पताल के नोटिस बोर्ड पर उपलब्ध कराया जाएगा ताकि मरीज और उनके परिजन पहले से जानकारी प्राप्त कर सकें। इसके अलावा, मरीजों की काउंसलिंग और प्री-ऑपरेटिव जांच को भी अनिवार्य किया गया है ताकि ऑपरेशन के दौरान किसी तरह की जटिलता न आए।
वर्जन
ऑपरेशन की प्रक्रिया को नियमबद्ध करने से न केवल मरीजों का भरोसा बढ़ेगा बल्कि अस्पताल की कार्यप्रणाली भी सुधरेगी। नियम का पालन न करने वाले चिकित्सकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। -डॉ. सुमन कोहली, सीएमओ नागरिक अस्पताल जींद