जींद। रेलवे मंत्रालय ने देश की पहली हाइड्रोजन ट्रेन को चलाने की मंजूरी दे दी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी हाइड्रोजन ट्रेन को हरी झंडी दिखाएंगे। हालांकि, अभी कई प्रक्रियाएं और सत्यापन चरण पूरे होने बाकी हैं। हरी झंडी मिलने का जारी किया पत्र बुधवार को सोशल मीडिया पर भी वायरल हो रहा है। हालांकि अभी तारीख तय नहीं है।
पर्यावरण के अनुकूल वाली हाइड्रोजन ट्रेन में कुल 10 कोच होंगे। यह जींद और सोनीपत के बीच चलेगी। इसकी अधिकतम गति 75 किलोमीटर प्रति घंटा रहेगी। इसका कुल बिजली उत्पादन 1,200 किलोवाट है और यह वितरित पावर रोलिंग स्टॉक (डीपीआरएस) तकनीक पर काम करेगी। मंत्रालय की मंजूरी रिसर्च डिजाइन और मानक संगठन (आरडीएसओ) की तकनीकी स्वीकृति के बाद मिली।
रेलवे सुरक्षा आयुक्त ने किया था निरीक्षण
रेलवे सुरक्षा आयुक्त (सीसीआरएस) ने भी पिछले दिनों जींद जंक्शन पहुंचकर सुरक्षा परीक्षण किया था। रेलवे अधिकारियों के अनुसार, मंजूरी का मतलब तुरंत संचालन शुरू होना नहीं है। कई प्रक्रियाएं और सत्यापन चरण अभी पूरे होने बाकी हैं। उत्तरी रेलवे के महाप्रबंधक को सभी अनुपालन रिपोर्ट जमा करवानी हैं। ये रिपोर्ट आरडीएसओ, सीसीआरएस और पेट्रोलियम और विस्फोटक सुरक्षा संगठन (पीईएसओ) जैसे अन्य वैधानिक प्राधिकरणों से संबंधित होंगी।
शकूरबस्ती में किया जाएगा हाइड्रोजन ट्रेन का रखरखाव
हाइड्रोजन ट्रेन को जींद और सोनीपत के बीच ही संचालित करने की अनुमति है। इसका रखरखाव दिल्ली के शकूरबस्ती में किया जाएगा। सुरक्षा प्रोटोकॉल के अनुसार रखरखाव के लिए ट्रेन को डीजल लोकोमोटिव की ओर से शकूरबस्ती ले जाया जाएगा। प्रारंभिक तीन माह के लिए ट्रेन के साथ प्रशिक्षित तकनीकी कर्मचारी रहेंगे। ये कर्मचारी रास्ते में आने वाली तकनीकी समस्याओं का समाधान करेंगे। रेलवे अधिकारियों के अनुसार इस ट्रेन को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी हरी झंडी दिखाएंगे।
देश की पहली हाइड्रोजन ट्रेन हरियाणा में चलेगी : मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने अपने एक्स अकाउंट पर पोस्ट करते हुए लिखा है कि देश की पहली हाइड्रोजन ट्रेन हरियाणा में चलेगी। वहीं, सोशल मीडिया पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार जताने का मैसेज भी वायरल हुआ है। लिखा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में विकास और रेल इंफ्रास्ट्रक्चर की दिशा में नए आयाम हरियाणा लिखेगा।