फोटो 06जेएनडी09-शहर में एक इमारत पर योजना के तहत लगाया गया सोलर सिस्टम। संवाद
जींद। प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत जिले में अब तक 3439 घरेलू उपभोक्ताओं को लाभ मिल चुका है। केंद्र सरकार की ओर से पात्र घरेलू उपभोक्ताओं को सोलर सिस्टम की क्षमता के अनुसार सब्सिडी दी जा रही है। इससे बिजली के बिल में कमी आने के अलावा उपभोक्ता अतिरिक्त बिजली का उत्पादन भी कर सकेंगे।
प्रधानमंत्री सूर्य घर योजना के तहत एक किलोवाट के सोलर सिस्टम पर 30 हजार रुपये, दो किलोवाट पर 60 हजार रुपये और तीन किलोवाट या उससे अधिक क्षमता वाले सिस्टम पर अधिकतम 78 हजार रुपये तक की केंद्रीय सब्सिडी का प्रावधान है। सरकार का लक्ष्य अधिक से अधिक परिवारों को सौर ऊर्जा से जोड़ना है, ताकि पारंपरिक बिजली पर निर्भरता कम हो और अक्षय ऊर्जा को बढ़ावा मिले। योजना के साथ प्रदेश सरकार की ओर से भी पात्र परिवारों को अतिरिक्त आर्थिक सहायता दी जा रही है। योजना के तहत राज्य के एक लाख गरीब परिवारों को सौर ऊर्जा उपलब्ध करवाने के लिए विशेष प्रावधान किया गया है। 1.80 लाख रुपये तक वार्षिक आय अथवा वार्षिक 2400 यूनिट तक बिजली खपत वाले पात्र लाभार्थियों को दो किलोवाट तक के सोलर सिस्टम पर केंद्र सरकार की ओर से मिलने वाली 60 हजार रुपये की सब्सिडी के अलावा राज्य सरकार 50 हजार रुपये तक की अतिरिक्त सब्सिडी दे रही है।
वहीं, 1.80 लाख से तीन लाख रुपये तक वार्षिक आय अथवा वार्षिक 2400 यूनिट तक बिजली खपत वाले लाभार्थियों को दो किलोवाट तक के सोलर सिस्टम पर केंद्र की 60 हजार रुपये की सब्सिडी के अतिरिक्त राज्य सरकार की ओर से 20 हजार रुपये तक की अतिरिक्त सहायता उपलब्ध करवाई जा रही है।
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सौर ऊर्जा अपनाने से बिजली खर्च होगा कम
योजना के तहत सोलर रूफटॉप लगवाने वाले उपभोक्ताओं को बिजली के बिल में राहत मिलेगी। धूप से बनने वाली बिजली का घरेलू जरूरतों के लिए उपयोग किया जा सकता है। इससे आने वाले समय में बिजली खर्च कम होने के साथ पर्यावरण संरक्षण को भी बढ़ावा मिलेगा।
वर्जन
जिले में 3439 उपभोक्ताओं ने योजना का लाभ लिया है। वार्षिक 2400 यूनिट तक बिजली खपत वाले पात्र लाभार्थियों को दो किलोवाट तक केंद्र सरकार की ओर से मिलने वाली 60 हजार रुपये की सब्सिडी के अलावा राज्य सरकार 50 हजार रुपये तक की अतिरिक्त सब्सिडी दे रही है।
-विनोद पूनिया, अधीक्षण अभियंता, बिजली निगम जींद