जींद। सफलता किसी शॉर्टकट की मोहताज नहीं होती बल्कि यह कड़े परिश्रम और अटूट संकल्प का परिणाम है। लोर्ड शिवा मॉडल स्कूल की अक्षिता ने 95.8 प्रतिशत अंक प्राप्त कर अपनी सफलता का श्रेय दीपक कौशिक निदेशक और अपने माता-पिता को दिया।
उन्होंने बताया कि किसी विशेष कोचिंग के बजाय घर पर ही पढ़ाई की। वे प्रतिदिन घर पर चार से पांच घंटे पढ़ाई करती थीं। घंटों तक किताब लेकर बैठने से बेहतर है कि कम समय में पढ़ा जाए और पूरी तरह विषयों को समझने में लगाया जाए।
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उन्होंने बताया कि परीक्षा के दौरान उन्होंने सोशल मीडिया से दूरी बनाए रखी और समय पर विशेष ध्यान दिया। कठिन विषयों के लिए उन्होंने अपने शिक्षकों और माता-पिता से मार्गदर्शन लिया।
मधु ने 92 प्रतिशत अंक प्राप्त कर अपने परिवार और स्कूल का नाम रोशन किया है। वह बचपन से ही पढ़ाई में तेज रही हैं और उसका सपना डॉक्टर बनना है। वह लोगों की सेवा करना चाहती हैं। मधु का मानना है कि मेहनत और लगन से हर सपना पूरा किया जा सकता है। यशवी ने 91.40 प्रतिशत अंक हासिल कर शानदार प्रदर्शन किया है। यशवी एक मेहनती और अनुशासित छात्र है। उसका सपना आईएएस अधिकारी बनना है ताकि वह समाज में बदलाव ला सके और लोगों की मदद कर सके। यशवी का मानना है कि ईमानदारी और कठिन परिश्रम से देश की सेवा की जा सकती है।
16जेएनडी33: परीक्षा में अच्छे अंक आने की खुशी में अपने पापा को मिठाई खिलाते हुए अक्षिता। संवा