जींद। स्वास्थ्य विभाग ने नगूरां पीएचसी के तहत आने वाले विभिन्न गांवों में रैपिड फीवर मास सर्वे अभियान तेज कर दिया है। अभियान के तहत स्वास्थ्य विभाग की टीमें डेंगू से बचने की एक ही अच्छी दवा, घरों में हो साफ-सफाई के नारे के साथ ग्रामीणों को जागरूक कर रही हैं।
स्वास्थ्य निरीक्षक नरेंद्र ढांडा ने बताया कि इस मुहिम का मुख्य उद्देश्य डेंगू और मलेरिया के प्रसार को रोकना है। विभाग की टीमें स्कूलों, कॉलेजों, मंदिरों और आंगनबाड़ी केंद्रों जैसे सार्वजनिक स्थानों पर जाकर लोगों को बुखार के लक्षणों और उपचार की जानकारी दे रही हैं।
स्वास्थ्य कर्मी और आशा वर्कर घर-घर जाकर कूलर, पानी की टंकी, फ्रिज की ट्रे, पुराने टायर और गमलों में मच्छर के लारवा की जांच कर रहे हैं। इसके अलावा, मच्छरों के प्रजनन को रोकने के लिए गंदी नालियों में काला तेल और डीजल डाला जा रहा है। प्रत्येक सोमवार को ईंट-भट्ठों और पोल्ट्री फार्म जैसे हाई-रिस्क क्षेत्रों में रक्त पटिकाएं बनाई जा रही हैं। इस अवसर पर कुलदीप, नरेंद्र, अनिल, एएनएम नवीन, हरिता और सुनीता दलाल मौजूद रही। संवाद