पुलिस ने बगैर पासपोर्ट, वीजा के मिले दस बांग्लादेशियों को किया अदालत में पेश, जेल भेजा
- अदालत की कार्रवाई के बाद आरोपियों को बांग्लादेश भेजने की कार्रवाई करेगी पुलिस
- विदेश मंत्रालय के माध्यम से बांग्लादेश से साधा किया जाएगा संपर्क
संवाद न्यूज एजेंसी
जींद। गांव पाजू खुर्द के कपड़ा ब्लीच हाउस में काम करते पकड़े गए दस बांग्लादेशियों को सदर थाना सफीदो पुलिस ने अदालत में पेश किया। ये बगैर पासपोर्ट, वीजा के यहां कार्य कर रहे थे। अदालत ने इन सभी को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है। अब अदालत इनको सजा सुनाएगी। इसके बाद इनको वापस बांग्लादेश भेजने के लिए सफीदों पुलिस कार्रवाई करेगी।
मुख्यमंत्री उड़नदस्ता की टीम ने इंस्पेक्टर राजदीप की अगुवाई में संदीप निवासी पाजू खुर्द के खेत में बने ब्लीच हाउस से एक ही परिवार के दस बांग्लादेशियों को सोमवार शाम को पकड़ा था। पूछताछ करने पर उन्होंने बताया कि वह सभी बांग्लादेश के रहने वाले हैं और उन्होंने अपने नाम सौरभ, शैफाली, मोहम्मद आलम, शर्मीन, इश्कू, अब्दुल वाहब, मोहम्मद दुलाल हुसैन, आजाद अली, मोहम्मद रुबेल, नासीर बताए। जब उनसे भारत की नागरिकता के दस्तावेज, पासपोर्ट या वीजा मांगा तो वह कोई दस्तावेज पेश नहीं कर पाए। उन्होंने बताया कि वह अवैध रूप से बिना पासपोर्ट व वीजा के भारत में आए हैं और यहां पाजू खुर्द में बने ब्लीच हाउस पर कपड़े की कतरनों को धोकर, सुखाकर व बलीच करके आगे भेजते हैं। सफीदों सदर थाना पुलिस ने सभी के खिलाफ द फॉरेनर्स एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज करके गिरफ्तार कर लिया था। सभी को अदालत में पेश किया गया। अदालत ने उनको 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया।
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अदालत ने सभी बांग्लादेशियों को 14 दिन के लिए न्यायिक हिरासत में जेल भेजने के निर्देश दिए हैं। अब इन लोगाें पर अदालत में मुकदमा चलेगा। इसके बाद अदालत इनको क्या सजा सुनाती है, वह सजा इनको काटनी होगी। सजा खत्म होने के बाद इनको विदेश मंत्रालय के माध्यम से वापस बांग्लादेश भेजा जाएगा।
- बलजीत सिंह, प्रभारी सदर थाना सफीदो।